ललितपुर: फर्जी शेयर बाजार एप से 30 करोड़ की साइबर ठगी, इंदौर से दो महिलाओं समेत 13 गिरफ्तार
ललितपुर पुलिस ने शेयर बाजार में भारी मुनाफे का झांसा देकर 25-30 करोड़ रुपये की साइबर ठगी करने वाले गिरोह ...और पढ़ें
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यह तस्वीर एआई के द्वारा बनाई गई है।
HighLights
ललितपुर पुलिस ने 30 करोड़ की साइबर ठगी का खुलासा किया।
इंदौर में फर्जी कॉल सेंटर से 13 आरोपित गिरफ्तार।
'नोकिया सिक्योरिटीज' नामक फर्जी ऐप से लोगों को ठगा।
जागरण संवाददाता, ललितपुर। शेयर बाजार में निवेश कर भारी मुनाफे का झांसा देकर देशभर में साइबर ठगी करने वाले गिरोह का ललितपुर पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इंदौर में संचालित फर्जी काल सेंटर पर छापा मारकर दो महिलाओं समेत 13 आरोपितों को गिरफ्तार किया है। गिरोह ने गूगल प्लेस्टोर पर नोकिया सिक्योरिटीज नाम से फर्जी एप और वेबसाइट बना रखी थी।
शुरुआती जांच में 25 से 30 करोड़ रुपये की ठगी सामने आई है। पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार बाजपेई ने मंगलवार प्रेसवार्ता में बताया कि अरुण कुमार पाल ने 13 अगस्त को साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने शेयर बाजार में निवेश के नाम पर एप के जरिये 70 हजार रुपये गंवाए थे।
प्लेस्टोर पर एप उपलब्ध होने के कारण पुलिस ने जांच शुरू की और इंदौर में चल रहे काल सेंटर का पता लगाया। न्यायालय से सर्च वारंट लेकर टीम ने सोमवार को छापा मारा और 13 आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। मौके से सात आइफोन, 16 एंड्रायड फोन, 15 कीपैड मोबाइल, 18 डेस्कटॉप, एक लैपटॉप, दो जियो वाईफाई राउटर सहित अन्य इलेक्ट्रानिक उपकरण और ब्रेजा व थार कार बरामद हुईं। दो युवतियां फोन पर मधुर आवाज में लोगों को बातचीत में उलझाकर निवेश के लिए तैयार करती थीं।
गिरोह के दो तकनीकी सदस्य अभी फरार हैं। पुलिस को आरोपितों के पास से 6357 संभावित पीड़ितों का डेटा मिला है। करीब 600 बैंक खातों और सिम कार्ड के जरिये ठगी की रकम खपाई जाती थी। गिरोह में वेबसाइट बनाने, कालिंग, सिम और बैंक खातों की व्यवस्था का काम अलग-अलग सदस्यों को सौंपा गया था। वर्ष 2025 में ललितपुर के तालाबपुरा निवासी समित समैया ने भी इसी गिरोह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। शाजापुर में भी मामला दर्ज है।
ऐसे फंसाते थे जाल में
आरोपित खुद को एडवाइजर, हेड और असिस्टेंट एडवाइजर बताकर वाट्सएप और फोन के जरिये संपर्क करते थे। फर्जी एप पर निवेश की रकम और भारी मुनाफा दिखाकर लोगों को और पैसा लगाने के लिए उकसाते। रकम निकालने पर टैक्स और अन्य शुल्क के नाम पर अतिरिक्त धन जमा करा लेते थे।
ये आरोपित गिरफ्तार
मप्र के शाजापुर निवासी राजगिरी गोस्वामी, दीपक राजपूत, दीपक राजपूत-2, लक्ष्मी राजपूत, सुरेन्द्र राजपूत, राजगढ़ निवासी रविन्द्र पाल, निवाड़ी निवासी राज यादव, शिवपुरी निवासी सूरज धाकड़, प्रदीप धाकड़, अरुण लोधी, आकाश धाकड़, इंदौरा निवासी विष्णु प्रसाद, खंडवा निवासी छाया शाकले।
