Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    मलिहाबाद में धान रोपाई के सीजन में किसानों पर संकट, पॉश मशीनें खराब होने से हफ्तेभर से खाद वितरण ठप, हंगामा

    Updated: Wed, 22 Jul 2026 06:03 PM (IST)

    मलिहाबाद में धान रोपाई के मुख्य सीजन में पॉश मशीनों की खराबी के कारण किसानों को खाद की भारी किल्लत का सामना करना पड़ रहा है। सप्ताह भर से खाद वितरण ठप ...और पढ़ें

    इस फोटो को AI के माध्यम से तैयार किया गया है।

    इस फोटो को AI के माध्यम से तैयार किया गया है।


    HighLights

    1. मलिहाबाद में धान रोपाई के सीजन में खाद की किल्लत।

    2. पॉश मशीनों की खराबी से सप्ताहभर से वितरण ठप।

    3. आक्रोशित किसानों ने प्रदर्शन कर समाधान की मांग की।

    जागरण संवाददाता, मलिहाबाद। धान की रोपाई और उसमें खाद डालने के इस मुख्य सीजन में मलिहाबाद क्षेत्र के किसानों को भारी किल्लत का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र की साधन सहकारी समितियों पर पॉश मशीनें तकनीकी खराबी के कारण ठप पड़ी हैं, जिससे लगभग सप्ताहभर से खाद वितरण पूरी तरह बंद हो गया है। समय पर खाद न मिलने से किसानों की फसल पर संकट गहराने लगा है।

    बुधवार को साधन सहकारी समिति कहला पर खाद न मिलने से आक्रोशित दर्जनों किसानों ने जमकर हंगामा और प्रदर्शन किया। किसानों का कहना है कि वे कई दिनों से समिति के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन पॉश मशीन न चलने का बहाना बनाकर उन्हें खाली हाथ लौटा दिया जाता है।

    देरी से पैदावार पर पड़ेगा सीधा असर 

    किसान रामकुमार, बृजेश, सुफियान, नदीम, रामेश्वर,यूनुस ने बताया धान की फसल के लिए यह समय बेहद संवेदनशील है और खाद में हो रही देरी से पैदावार पर सीधा असर पड़ेगा।

    केवल कहला ही नहीं, क्षेत्र की लालगंज,दौलतपुर,रहीमाबाद, खड़ता सहित अन्य साधन सहकारी समितियों का भी यही हाल है। साधन सहकारी समिति के सचिव अरविंद कुमार ने बताया समिति के पास पर्याप्त मात्रा में खाद का स्टॉक उपलब्ध है, लेकिन पिछले एक सप्ताह से पॉश मशीन में तकनीकी समस्या आने के कारण यह खुल ही नहीं रही है।

    नियमानुसार बिना ऑनलाइन एंट्री के खाद का वितरण संभव नहीं है, जिससे चाहकर भी हम किसानों की मदद नहीं कर पा रहे हैं।मशीनों की इस तकनीकी खामी से किसानों का धैर्य अब जवाब दे रहा है। पीड़ित किसानों ने प्रशासन से जल्द से जल्द पॉश मशीनों को ठीक कराने या किसी वैकल्पिक माध्यम से खाद वितरण शुरू कराने की मांग की है ताकि उनकी धान की फसल बर्बाद होने से बच सके।

    खबरें और भी