यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 09, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
UP News: शिक्षकों के ऑनलाइन उपस्थिति का आदेश बरकरार, विरोध के बीच बेसिक शिक्षा विभाग ने दिया तर्क
परिषदीय स्कूलों में शिक्षकों ने ऑनलाइन उपस्थिति का मंगलवार को भी बहिष्कार के बाद मीडिया में यह खबर आई ‘योगी सरकार ने ऑनलाइन उपस्थिति का फैसला वापस ले ...और पढ़ें

HighLights
- ज्यादातर जिलों में शिक्षकों ने नहीं दर्ज की उपस्थिति
- प्रमुख सचिव की छात्रहित में विरोध न करने की अपील
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। परिषदीय स्कूलों में शिक्षकों ने ऑनलाइन उपस्थिति का मंगलवार को भी बहिष्कार किया। काली पट्टी बांधकर शिक्षकों ने कक्षाएं ली और मांग की कि पहले उनकी समस्याओं का समाधान किया जाए फिर इसे लागू किया जाए।
शिक्षक अर्द्ध अवकाश दिए जाने, तीन दिन लगातार देरी होने पर एक आकस्मिक अवकाश दिए जाने और अर्जित अवकाश भी दिए जाने की मांग कर रहे हैं। दूर-दराज के क्षेत्रों में स्कूल पहुंचने में होने वाली कठिनाई को भी वह गिना रहे हैं।
बेसिक शिक्षा का तर्क
शिक्षकों के विरोध के बीच प्रमुख सचिव, बेसिक शिक्षा एमकेएस सुंदरम की ओर से शिक्षकों से अपील की गई है कि वह ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कराएं, क्योंकि अब आधे घंटे का उन्हें अतिरिक्त समय दिया गया है।
विद्यालय एक या दो घंटे देर से आने से विद्यार्थियों की पहली दो कक्षाएं ढंग से संचालित नहीं हो पाती। विद्यार्थियों का हित सर्वोपरि है। ऐसे में स्कूली बच्चों की बेहतरी के लिए उन असुविधाओं को सहन करने की जरूरत है।
शिक्षक संघ ने कहा…
उत्तर प्रदेश बीटीसी शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष अनिल यादव का कहना है कि शिक्षकों के ऊपर जबरन इस व्यवस्था को थोपा जा रहा है। उनकी कोई मांग नहीं मानी जा रही। ऐसे में ऑनलाइन हाजिरी लगाना संभव नहीं है।