मथुरा में एक लाख रिश्वत लेते ग्राम पंचायत सचिव गिरफ्तार, विजिलेंस टीम ने दबोचा
मथुरा में विजिलेंस टीम ने ग्राम पंचायत सचिव मनीष भंडारी को विकास कार्यों के बकाया भुगतान के लिए एक लाख ...और पढ़ें

विजिलेंस टीम की गिरफ्त में ग्राम पंचायत सचिव मनीष भंडारी।
जागरण संवाददाता, मथुरा। विजिलेंस टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गोवर्धन विकास खंड की ग्राम पंचायत अड़ींग के ग्राम पंचायत सचिव मनीष भंडारी को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते शुक्रवार को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। आगरा सतर्कता अधिष्ठान की ट्रैप टीम ने शुक्रवार को यह कार्रवाई की। आरोपित सचिव पर विकास कार्यों के बकाया भुगतान के एवज में कमीशन मांग रहा था।
विजिलेंस की कार्रवाई के बाद पंचायत सचिव को डीपीआरओ ने निलंबित कर दिया है। वर्ष 2023, 2024 और 2025 में ग्राम पंचायत अड़ींग में सीसी सड़क, नाली, इंटरलाकिंग और पार्क निर्माण सहित विभिन्न सिविल कार्य करीब दो करोड़ रुपये की लागत से कराए गए थे। इन कार्यों के सापेक्ष ठेकेदार परवेज अहमद का करीब 30 लाख रुपये का भुगतान बकाया था, जबकि बाकी भुगतान हो चुका था।
इस मामले में ठेकेदार परवेज अहमद ने पुलिस अधीक्षक, सतर्कता अधिष्ठान आगरा सेक्टर में लिखित शिकायत की थी। आरोप है कि बकाया भुगतान कराने के लिए ग्राम पंचायत सचिव मनीष भंडारी ने 30 प्रतिशत कमीशन की मांग की थी। इसमें एक लाख रुपये एडवांस और शेष आठ लाख रुपये भुगतान मिलने के बाद देना तय हुआ था। इसके बाद ठेकेदार ने सचिव को रंगे हाथ पकड़वाने के लिए विजिलेंस से शिकायत की।
इस शिकायत की छापेमारी से पहले गोपनीय जांच कराई गई। आरोप सही पाए जाने के बाद शुक्रवार को सतर्कता अधिष्ठान आगरा की ट्रैप टीम ने जाल बिछाया। टीम ने ग्राम पंचायत सचिव मनीष भंडारी को शिकायतकर्ता ठेकेदार से एक लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी ग्राम पंचायत सचिव के विरुद्ध थाना उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान आगरा में सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया।