CBSE Exams 2027: एग्जाम पैटर्न में बदलाव नहीं, पुराना नियम लागू; सोशल मीडिया की अफवाहों से बचें 10वीं-12वीं के छात्र
CBSE Exams: सीबीएसई ने 2027 की 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं के लिए प्रश्नपत्र डिजाइन, मूल्यांकन पैटर्न और पासिंग क्राइटेरिया ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक फोटो
HighLights
प्रश्न पत्र डिजाइन, असेसमेंट पैटर्न व पासिंग क्राइटेरिया पिछले सत्र जैसा ही रहेगा।
शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए सैंपल क्वेश्चन पेपर और मार्किंग स्कीम जारी।
जागरण संवाददाता, मेरठ। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने कक्षा 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षा 2027 को लेकर स्थिति स्पष्ट कर दी है। बोर्ड ने 21 सितंबर को जारी सर्कुलर में कहा है कि शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए क्वेश्चन पेपर डिजाइन और असेसमेंट पैटर्न में कोई बदलाव नहीं किया गया है। इसके साथ ही दोनों कक्षाओं के पासिंग क्राइटेरिया भी शैक्षणिक सत्र 2025-26 में लागू व्यवस्था के अनुसार ही रहेंगे।
सबसे अधिक चर्चा कक्षा 10वीं के पासिंग क्राइटेरिया को लेकर थी। सीबीएसई ने स्पष्ट किया है कि बोर्ड परीक्षा 2027 में भी विद्यार्थी को बोर्ड द्वारा आयोजित थ्योरी परीक्षा और स्कूल की ओर से कराए गए इंटरनल असेसमेंट के संयुक्त अंकों के आधार पर कुल न्यूनतम 33 प्रतिशत अंक प्राप्त करने होंगे। यानी पास होने के नियम में कोई नया बदलाव नहीं किया गया है।
एसक्यूपी और मार्किंग स्कीम से मिलेगी तैयारी में मदद
सीबीएसई ने सत्र 2026-27 के लिए सैंपल क्वेश्चन पेपर (SQP) और मार्किंग स्कीम (MS) भी जारी की है। बोर्ड के अनुसार इनके माध्यम से विद्यार्थियों और शिक्षकों को प्रश्नपत्र की संरचना, पाठ्यक्रम के उचित कवरेज और वास्तविक जीवन में विषय की अवधारणाओं के अनुप्रयोग को समझने में मदद मिलेगी।
सोशल मीडिया की अफवाहों पर ध्यान न दें
बोर्ड परीक्षा 2027 के पैटर्न और पासिंग क्राइटेरिया में बदलाव को लेकर सोशल मीडिया पर चल रही विभिन्न सूचनाओं के बीच सीबीएसई की अधिसूचना से स्थिति साफ हो गई है। विद्यार्थियों, अभिभावकों और स्कूलों को परीक्षा से संबंधित जानकारी के लिए सोशल मीडिया पर वायरल अपुष्ट सूचनाओं के बजाय सीबीएसई की आधिकारिक अधिसूचनाओं और दिशा-निर्देशों को ही आधार बनाने की सलाह दी गई है।
यह हैं मुख्य बातें
- कक्षा 10वीं और 12वीं के प्रश्नपत्र डिजाइन में बदलाव नहीं।
- असेसमेंट पैटर्न भी पिछले सत्र जैसा ही रहेगा।
- पासिंग क्राइटेरिया में कोई परिवर्तन नहीं।
- कक्षा 10वीं में कुल 33 प्रतिशत अंक का समग्र पासिंग क्राइटेरिया लागू रहेगा।
- थ्योरी और इंटरनल असेसमेंट के अंक मिलाकर परिणाम निर्धारित होगा।
- सत्र 2026-27 के एसक्यूपी और मार्किंग स्कीम जारी किए जा चुके हैं।
