UP के 22 जिलों के लोगों की फिर जगी आस, हाई कोर्ट बेंच को लेकर केंद्रीय विधि मंत्री बोले- हर सप्ताह हो रही इस पर 'बात'
पश्चिम उत्तर प्रदेश में हाई कोर्ट बेंच स्थापना की मांग को लेकर बुधवार को केंद्रीय संघर्ष समिति के प्रतिनिधिमंडल ने ...और पढ़ें

केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्री से उनके दिल्ली स्थित आवास पर हाई कोर्ट बेंच की मांग को लेकर मुलाकात करते पश्चिम ऊत्तर प्रदेश हाई कोर्ट बेंच स्थापना केंद्रीय संघर्ष समिति के पदाधिकारी, पूर्व अध्यक्ष और अन्य वरिष्ठ अधिवक्ता। सौ. मेरठ बार एसोसिएशन
HighLights
केंद्रीय विधि मंत्री से मिला हाई कोर्ट बेंच स्थापना केंद्रीय संघर्ष समिति का प्रतिनिधिमंडल।
पश्चिम के 22 जनपदों के करोड़ों लोगों की परेशानियों की जानकारी दी।
जागरण संवाददाता, मेरठ। पश्चिम उत्तर प्रदेश में हाई कोर्ट बेंच स्थापना की मांग को लेकर बुधवार को हाई कोर्ट बेंच स्थापना केंद्रीय संघर्ष समिति के प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल से मिलकर ज्ञापन सौंपा।
संघर्ष समिति के चेयरमैन और संयोजक के मुताबिक केंद्रीय मंत्री ने उन्हें बताया कि पश्चिम में बेंच जल्द मिलेगी। सरकार मुकदमों के दबाव के चलते हाई कोर्ट बेंच की स्थापना को लेकर गंभीर है। प्रत्येक सप्ताह इसे लेकर बैठक हो रही है। इस सूची में पश्चिम उत्तर प्रदेश का नाम सबसे ऊपर है। उन्होंने यह भी बताया कि पश्चिम से आने वाले सांसद, राज्यसभा सदस्य और अन्य सभी लोग उनसे बेंच को लेकर ही सवाल करते हैं।
पश्चिम उत्तर प्रदेश हाई कोर्ट बेंच स्थापना केंद्रीय संघर्ष समिति के चेयरमैन अनुज शर्मा और संयोजक परवेज आलम ने केंद्रीय मंत्री से मुलाकात के बाद मेरठ बार एसोसिएशन कार्यालय में पत्रकार वार्ता में यह जानकारी दी। बताया कि प्रदेश में अब विधानसभा चुनाव आने वाले हैं। इसी समय केंद्र और प्रदेश सरकार पर पश्चिम में हाई कोर्ट बेंच देने के लिए दबाव बनाया जा सकता है।

मेरठ बार एसोसिएशन कार्यालय में पत्रकार वार्ता करते केंद्रीय संघर्ष समिति के चेयरमैन, संयोजक और अन्य वरिष्ठ अधिवक्ता। जागरण
उसी के तहत प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय मंत्री से मुलाकात की। उन्हें पश्चिम के 22 जनपदों के करोड़ों लोगों की परेशानियों की जानकारी दी तथा बताया कि बेंच मिलने से क्या राहत मिलेगी।प्रतिनिधिमंडल में मेरठ बार के पूर्व अध्यक्ष गजेंद्र सिंह धामा, महेंद्रपाल शर्मा, अशोक शर्मा, संजय शर्मा तथा वरिष्ठ अधिवक्ता नैपाल सिंह सोम, अब्दुल जब्बार खां शामिल रहे।
अब सोशल मीडिया प्लेटफाॅर्म पर छिड़ेगा बेंच आंदोलन
दोनों पदाधिकारियों ने बताया कि आज सोशल मीडिया का समय है। विधानसभा चुनाव से पहले ही फेसबुक, इंस्टाग्राम, यूट्यूब समेत सोशल मीडिया के सभी प्लेटफाॅर्म पर बेंच आंदोलन छेड़ा जाएगा। इसके लिए इंप्लुएंसर की मदद ली जाएगी। जो कि रात दिन पश्चिम के सभी 22 जनपदों के सभी वर्गों के लोगों की बात इन पेज पर पोस्ट करेंगे। आम जनता के माध्यम से बेंच की मांग को उठाया जाएगा। अगले सप्ताह से यह अभियान शुरू होगा।
‘हाई कोर्ट बेंच नहीं तो वोट नहीं’ के स्टीकर अभियान से देंगे सरकार को संदेश
पदाधिकारियों ने कहा कि अब सरकार को यह अहसास कराने का समय है कि यदि पश्चिम के लोगों की बात नहीं मानी और वे नाराज हो गए तो उसका विधानसभा चुनाव में क्या असर रहेगा। इसके लिए पश्चिम के 22 जनपदों में वाहनों पर ‘हाई कोर्ट बेंच नहीं तो वोट नहीं’ के स्टीकर लगाने का अभियान चलाया जाएगा।मेरठ में कचहरी के सभी गेट पर खड़े होकर अधिवक्ता अभियान चलाएंगे जबकि अन्य जनपदों में भी मेरठ से अधिवक्ताओं की टीम जाकर अभियान चलवाएगी।
