मीरजापुर में ब्लास्टिंग के दौरान क्रशर का डग धंसने से चार मजदूरों की मौत, हादसे के बाद कर्मचारी मौके से फरार
मीरजापुर के अहरौरा स्थित एक क्रशर प्लांट में डग धंसने से चार मजदूर मलबे में दबने से मौत हो गई। ...और पढ़ें
HighLights
अहरौरा के क्रशर प्लांट में डग धंसा।
चार श्रमिक मलबे में दबने की सूचना।
पुलिस और जेसीबी से बचाव कार्य जारी।
जागरण संवाददाता, मीरजापुर। अहरौरा के भगौतीदेई क्षेत्र स्थित एक क्रशर प्लांट में शनिवार की दोपहर अचानक डग धंसने से चार श्रमिकों के मलबे में दबने की घटना सामने आई है। हादसे की जानकारी पर पुलिस मौके पर पहुंची और जेसीबी की मदद से मलबा हटाकर श्रमिकों को बाहर निकाला गया लेकिन कोई भी जिंंदा नहीं बच सका।
अहरौरा के भगौतीदेई स्थित एक क्रशर प्लांट में शनिवार की दोपहर ब्लास्टिंग के दौरान डग धंसने से चार श्रमिक मलबे में दब गए। हादसे की सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर पहुंच गई। जेसीबी की मदद से मलबा हटाकर श्रमिकों को बाहर निकालने का प्रयास शुरू किया गया तो मौके पर काफी देर तक अफरा तफरी का माहौल बना रहा। हालांकि बाद में सभी को मृत घोषित कर दिया गया।

अहरौरा के भगौतीदेई स्थित एक क्रशर प्लांट में शनिवार दोपहर ब्लास्टिंग के दौरान डग धंसने से चार श्रमिक की मलबे में दबने से मौत हो गई। बताया गया कि दोपहर में क्रशर प्लांट पर काम चल रहा था। इसी दौरान निर्माणाधीन डग में कार्य करते समय गिर गया। जिसमें चारों मजदूर दब गए।
प्लांट संचालक पिंटू सिंह पिकअप से मलबे में दबे हुए चारों श्रमिकों को बाहर निकाल इलाज के लिए अन्यत्र इलाज के लिए लेकर चला गया। जहां चारों श्रमिकों की मौत हो गई। एसडीएम चुनार अनेग सिंह, तहसीलदार इवेंद्र कुमार और क्षेत्राधिकारी मो फहीम और थानाध्यक्ष अजय कुमार मिश्रा पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे।

थानाध्यक्ष अजय कुमार मिश्रा ने बताया कि चारों श्रमिकों को प्लांट संचालक की ओर से उपचार के लिए ले जाया गया, लेकिन उनकी मृत्यु हो गई। मृतकों की पहचान सोनभद्र के जुगैल थाना क्षेत्र के बड़गांवा गांव निवासी लाल बहादुर, अशोक, राकेश और दुर्योधन के रूप में हुई है। घटना के बाद क्रशर प्लांट पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। थानाध्यक्ष अजय कुमार मिश्रा ने बताया कि क्रशर प्लांट में डग धंसने से चार श्रमिकों के दबने की सूचना मिली थी। चारों की मृत्यु होने के बाद मामले की जांच की जा रही है।

मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने श्रमिकों के बारे में जानकारी लेने के साथ ही परिसर का भ्रमण कर पूरे क्रशर क्षेत्र का जायजा भी लिया। कहा कि क्रशर क्षेत्र में जीवन की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। अहरौरा में चार मजदूरों की मौत के बाद इस घटना ने सभी को झकझोर कर रख दिया है। प्रशासन और स्थानीय लोगों को मिलकर इस दिशा में ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है। हालांकि प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचकर हादसे की जांच कर रहे हैं।
