यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 26, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Muzaffarnagar School Case: वीडियो बनाने की क्या थी मंशा, क्यों किया गया Viral; परतें खोलने में जुटी पुलिस
Muzaffarnagar School Case पुलिस अब वीडियो बनाने के मामले की जांच भी करा रही है। वीडियो क्यों बनाई? इसके पीछे क्या मंशा थी और फिर वीडियो सोशल मीडिया पर ...और पढ़ें

HighLights
- पुलिस बोली- प्रथमदृष्टया जांच में वीडियो में की गई है छेड़छाड़
- जांच के बाद छेड़छाड़ और प्रसारित करने वाले पर भी होगी कार्रवाई
मुजफ्फरनगर, जागरण संवाददाता। Muzaffarnagar School Case: छात्र की पिटाई के मामले को जिस तरह तूल दिया जा रहा है, उस पर पूर्ण विराम लगाने के लिए पुलिस ने शिक्षिका के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। वहीं, पुलिस अब वीडियो बनाने के मामले की जांच भी करा रही है। वीडियो क्यों बनाई? इसके पीछे क्या मंशा थी और फिर वीडियो सोशल मीडिया पर क्यों प्रसारित किया गया? इन सभी बिंदुओं पर पुलिस जांच कर रही है। हालांकि, पुलिस का मानना है कि वीडियो से छेड़छाड़ की गई है। पुलिस इसकी भी जांच करा रही है।
मंशा गलत पाई गई तो होगी कानूनी कार्रवाई
अगर वीडियो बनाने और उसमें छेड़छाड़ करने के पीछे मंशा गलत पाई गई तो कानूनी कार्रवाई होगी। शुक्रवार शाम से सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें खुब्बापुर गांव में स्थित एक स्कूल के अंदर समुदाय विशेष के छात्र की पिटाई कुछ छात्र कर रहे हैं। पिटाई के दौरान पीड़ित छात्र का चाचा भी वहां बैठा है, जिसने यह वीडियो बनाई थी। इस वीडियो के वायरल होने के बाद राजनीतिक घमासान हो रहा।
पुलिस ने कड़ा रुख अपनाया
अब पुलिस ने मामले में कड़ा रुख अपनाना शुरू कर दिया है। जांच करा रही है कि आखिर पीड़ित छात्र के चाचा ने वीडिया क्यों बनाई थी? वह किस लिए स्कूल में गया था? इसके पीछे उसकी क्या मंशा थी और किसके कहने पर उसने वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल किया?
वीडियो के साथ की गई छेड़छाड़!
इस संबंध में एसपी सिटी सत्यनारायण प्रजापत का कहना है कि शिक्षिका ने जो किया वह गलत था। उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है, लेकिन प्रथमदृष्टया जांच में यह पाया गया है कि वीडियो के साथ छेड़छाड़ की गई है। ऐसा किसने किया और क्यों किया? वीडियो की फोरेंसिक लैब से जांच कराई जा रही है। जांच के बाद वीडियो से छेड़छाड़ और प्रसारित करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।