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ग्रेटर नोएडा में 'जापान' और 'सिंगापुर' की एंट्री! EWS और श्रमिकों के लिए बनेंगे फ्लैट, किसानों को भी होगा फायदा

Published: Sat, 06 Jun 2026 03:14 PM (GMT+05:30)

ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र में YEIDA 10 नए सेक्टर विकसित करने की तैयारी में है, जिसमें जापानी और सिंगापुर जैसी अंतरराष्ट्रीय परियोजनाएं शामिल होंगी।

EWS और श्रमिकों के लिए किफायती फ्लैट्स बनेंगे। एआई जेनरेटेड तस्वीर

EWS और श्रमिकों के लिए किफायती फ्लैट्स बनेंगे। एआई जेनरेटेड तस्वीर

HighLights

  1. YEIDA 10 नए सेक्टर विकसित करने की तैयारी में।

  2. जापानी, सिंगापुर जैसी अंतरराष्ट्रीय परियोजनाओं को मिलेगी जमीन।

  3. EWS और श्रमिकों के लिए किफायती फ्लैट्स बनेंगे।

जागरण संवाददाता, नोएडा। ग्रेटर नोएडा के आसपास यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र तेजी से औद्योगिक और आवासीय हब के रूप में उभर रहा है। यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) अब शहर को और विस्तार देने की तैयारी में है। दस नए सेक्टर विकसित करने के साथ ही जापानी और सिंगापुर जैसी अंतरराष्ट्रीय परियोजनाओं को जमीन उपलब्ध कराने की योजना चल रही है। साथ ही गरीब और श्रमिक परिवारों के लिए किफायती आवास की दिशा में भी ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।

लैंड बैंक तैयार, 10 नए सेक्टर जल्द विकसित होंगे

YEIDA ने यमुना सिटी में 10 अतिरिक्त सेक्टर विकसित करने के लिए लैंड बैंक बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इन नए सेक्टरों में जापानी इंडस्ट्रियल टाउनशिप, सिंगापुर सिटी समेत अन्य महत्वाकांक्षी परियोजनाओं को जमीन आवंटित की जाएगी। प्राधिकरण के सीईओ आरके सिंह ने बताया कि एयरपोर्ट के आसपास वाले क्षेत्रों को विकसित करना प्राथमिकता है। भूमि अधिग्रहण के लिए पहले ही शासन से 2800 करोड़ रुपये स्वीकृत हो चुके हैं। इससे विकास कार्यों को गति मिलने की उम्मीद है।

वर्तमान में यमुना सिटी में 52 सेक्टर पहले से विकसित हो चुके हैं। मास्टर प्लान-2041 के तहत पहले चरण में गौतमबुद्ध नगर और बुलंदशहर के लगभग 75 हजार हेक्टेयर क्षेत्र को विकसित किया जा रहा है। अब तक 35 हजार हेक्टेयर से अधिक भूमि पर विकास कार्य पूरा हो चुका है।

46 सेक्टरों के लिए सर्विस मास्टर प्लान तैयार

नए विस्तार को सुव्यवस्थित बनाने के लिए YEIDA ने 46 अतिरिक्त सेक्टरों में जल आपूर्ति, सीवरेज और ड्रेनेज व्यवस्था के लिए सर्विस मास्टर प्लान तैयार करने हेतु RFP जारी कर दिया है। आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। यह प्लान पूरे क्षेत्र के इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत बनाएगा और आने वाले वर्षों में बढ़ती जनसंख्या की जरूरतों को पूरा करेगा।

EWS परिवारों के लिए किफायती फ्लैट्स की योजना

शहर के विकास के साथ-साथ सामाजिक संतुलन बनाए रखने पर भी जोर दिया जा रहा है। ग्रेटर नोएडा में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) और श्रमिक परिवारों के लिए बहुमंजिला किफायती आवास बनाने की योजना तेज हो गई है।बिरौंडा गांव के पास 18 हजार वर्गमीटर जमीन चिह्नित की गई है। यहां 30 वर्गमीटर साइज के 12 मंजिला फ्लैट्स बनाए जाएंगे। इनमें लिफ्ट की सुविधा के साथ दैनिक उपयोग की वस्तुओं के लिए दुकानों का भी प्रावधान होगा। इसी तरह ग्रेटर नोएडा वेस्ट के पतवाड़ी गांव में भी जमीन चिह्नित कर ली गई है।

ग्रेटर नोएडा के सीईओ रवि कुमार एनजी ने कहा कि श्रमिकों को सस्ते और अच्छे फ्लैट उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है। परियोजना और नियोजन विभाग को दिशानिर्देश दे दिए गए हैं। जमीन चयन के बाद जल्द ही विस्तृत योजना को अंतिम रूप दिया जाएगा।

भविष्य की ओर बढ़ते कदम

ये सभी कदम यमुना सिटी को एक आधुनिक, आत्मनिर्भर और समावेशी शहरी केंद्र बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर की परियोजनाओं के आने से रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे, जबकि किफायती आवास योजना से स्थानीय श्रमिकों और कम आय वर्ग को राहत मिलेगी। YEIDA का फोकस अब इंफ्रास्ट्रक्चर, औद्योगिक विकास और सामाजिक आवास को संतुलित तरीके से आगे बढ़ाने पर है, जो पूरे क्षेत्र को नई ऊंचाइयों पर ले जाने वाला साबित हो सकता है।

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