प्रतापगढ़ के विश्वनाथगंज विधायक का रिपोर्ट कार्ड : सड़कों का विस्तार, स्वास्थ्य और बिजली व्यवस्था पर भी हो पहल
प्रतापगढ़ के विश्वनाथगंज विधायक जीतलाल पटेल के रिपोर्ट कार्ड में सड़कों का विस्तार मुख्य उपलब्धि है, लेकिन स्वास्थ्य, बिजली और रोजगार के साधनों की कमी ...और पढ़ें

प्रतापगढ़ में विश्वनाथगंज के विधायक जीतलाल पटेल का रिपोर्ट कार्ड।
HighLights
धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत से समृद्ध है विश्वनाथगंज विधानसभा क्षेत्र
क्षेत्र में ज्यादा काम सड़कों पर हुआ, रोजगार के साधन का अभाव ही है
जागरण संवाददाता, प्रतापगढ़। सई नदी, बकुलाही, सकरनी और लोनी नदियों, नालों से घिरा विश्वनाथगंज विधानसभा क्षेत्र भौगोलिक रूप से बहुत ऊबड़-खाबड़ है। हालांकि यहां पर धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत बहुत समृद्ध है। भयहरण नाथ धाम, अजगरा धाम, खुइलन देवी धाम इसकी पहचान है। यहां के मौजूदा विधायक अपना दल (एस) भाजपा गठबंधन के जीतलाल पटेल हैं। इनके सवा चार साल के कार्यकाल में ज्यादातर काम सड़कों पर ही हुआ है, अन्य विधानसभा क्षेत्र की तरह विश्वनाथगंज में भी रोजगार के साधन नहीं हैं। यहां तो स्वास्थ्य व बिजली व्यवस्था भी बदहाल है। इन दो क्षेत्रों में भी ठीक से काम करने की पहल होनी चाहिए।
अस्पताल, पावर हाउस व स्कूल का अभाव
वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में अपना दल (एस) के प्रत्याशी जीतलाल पटेल ने सपा प्रत्याशी सौरभ सिंह को 48,052 वोटों से हराया था। जीतलाल को 86,829 और सौरभ को 38,777 मत मिले थे। इसके बाद विधायक की विकास यात्रा शुरू हुई। सड़कों और पुलों की यहां अधिक जरूरत थी, इसलिए फोकस इन पर ज्यादा रहा। यही वजह रही की अस्पताल, पावर हाउस और स्कूल जैसे संसाधन नहीं बढ़े। यह व्यवस्था अभी भी बदहाल है। कटैया में पावर हाउस नहीं बन सका।
उद्योग नहीं लगने से युवाओं का पलायन
भदोही औद्योगिक एस्टेट का कायाकल्प हुआ जरूर है, लेकिन यहां पर कोई उद्योग की स्थापना नहीं हो पाई। यहां के अधिकांश युवा बाहर जाकर रोजी-रोटी कमाने के लिए पसीना बहाते हैं। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मानधाता में चिकित्सकों की कमी और दवाओं के अक्सर न होने के कारण मरीजों को परेशान होना पड़ता है। खेती-किसानी वाले विधानसभा क्षेत्र में खाद-पानी की भी समस्या है। अजगरा सीएचसी बनकर बेकार पड़ी है। वहां डॉक्टर ही जल्दी नहीं आते। यक्ष-युधिष्ठर संवाद स्थल अजगरा का भी समुचित विकास नहीं हो पाया है।
राजकीय महाविद्यालय नहीं हो सका चालू
शिक्षा की बात करें तो उसमें भी निराशा मिलती है। गाबी महुआ वन में वर्षों से बनकर तैयार राजकीय महाविद्यालय अभी तक चालू नहीं हो पाया है। बच्चों को प्राइवेट डिग्री कालेज का सहारा लेना पड़ता है। यह इमारत बनाकर बेकार पड़ी है। यहां न शिक्षकों की तैनाती हो रही है और न संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं। तकनीकी कालेज राजकीय स्तर पर हो, इसकी भी लोगों को दरकार है। ग्रामीण क्षेत्रों में सरकारी बसों का संचालन न होने पर लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है। देर शाम कभी कोई आवश्यकता आने पर निजी साधनों की व्यवस्था करके इलाज तक कराना पड़ता है।
खबरें और भी
विश्वनाथगंज विधानसभा
कुल मतदाता : 2,15,017
महिला मतदाता : 1,87,174
पुरुष मतदाता : 4,02,196
स्थानीय स्तर पर जो प्रयास हो रहे हैं
किसी भी प्रकार का कोई कुटीर उद्योग न होने के कारण ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं को स्वावलंबी बनने में भी बाधा आती है। विधानसभा में कई धार्मिक स्थल होने के बावजूद इनसे बहुत रोजगार का सृजन नहीं हो पा रहा है। धार्मिक स्थलों का प्रचार-प्रसार भी कम होने के कारण इससे यहां की तस्वीर बदल नहीं पा रही है। स्थानीय स्तर पर जो प्रयास हो रहे हैं, वह पर्याप्त नहीं है। इससे लोगों को यहां पर रोजगार नहीं मिल पा रहा है। खेती से भी कोई ऐसी आमदनी नहीं हो पा रही है, जिससे लोगों के जीवन स्तर में किसी प्रकार का कोई सुधार हो सके।
विश्वनाथगंज क्षेत्र का विकास करने की हर कोशिश कर रहे हैं। यहां पर पुलों की दरकार थी। विकास खंड संड़वा चंद्रिका के सई नदी पर के लढ़वत घाट तथा चमरूपुर पठान में नाले पर पुल तथा भटपुरवा मानधाता में नाले पर बड़ा पुल बनवाया जा रहा है। मानधाता से छितपालगढ़ मार्ग का सात मीटर चौड़ीकरण कराया जा रहा है। रामफल इनारी से छितपगढ़ तारापुर तथा साढ़े मीटर, नौबस्ता से शमशेरगंज रानीगंज अजगरा होते हुए बहुचरा तक 23 किलोमीटर व कटरा गुलाब सिंह से कानूपुर सात मीटर का कार्य पूरा हो चुका है। इसके साथ ही बढ़नी से बाबूगंज साढ़े पांच मीटर तेरह किलोमीटर चौड़ीकरण हो चुका है। कटैया में पावर हाउस प्रस्तावित है। इसके अलावा कटरा गुलाब सिंह पीएचसी से सीएचसी के रूप में विकसित करने का भी प्रस्ताव है। विश्वनाथगंज क्षेत्र के लगभग 1500 गंभीर रोगियों को मुख्यमंत्री राहत कोष से पैसा दिलाकर उनकी मदद की गई। इसके साथ ही अस्पतालों में डाक्टरों की कमी, ट्रांसफार्मर, औद्योगिक पार्क जैसे मसले हमने सदन में रखकर समाधान की सार्थक पहल की है।
- जीतलाल पटेल, विधायक विश्वनाथगंज, अपना दल (एस)-भाजपा गठबंधन
पिछले सवा चार साल के कार्यकाल में विधानसभा विश्वनाथगंज में विधायक का कोई विकास कार्य नहीं दिख रहा है। सड़कें भी कुछ ही स्थान पर बनीं। युवाओं और खिलाड़ियों के लिए स्टेडियम तक यहां नहीं है, जो बहुत अखरता है। अस्पतालों की दशा बहुत खराब है। लोगों को जिला मुख्यालय ही भागना पड़ता है। उद्योग के लिए कोई प्रयास विधायक के स्तर पर नजर नहीं आता है। विश्वनाथगंज की सूरत बदलने के दावे केवल कागज और भाषणों तक ही सीमित नजर आते हैं। सपा सरकार में जो काम हुए थे, उतने पर ही सब थम हुआ है। किसानों के लिए मंडी नहीं बनी।
- सौरभ सिंह, उपविजेता, समाजवादी पार्टी
लोगों की आवाज
विधायक क्षेत्र में कम आते हैं। जनता की तमाम समस्याएं हैं, आखिर हम लोग किससे कहें। विधायक पूरे समाज का होता है, एक व्यक्ति का नहीं। नहर में पानी तक नहीं मिला पा रहा। स्वास्थ्य सेवाएं स्वयं बीमार हैं।
- डॉ. गंगा प्रसाद तिवारी, बुआपुर
विधायक व उनकी सरकार की कथनी और करनी में अंतर है। ऐतिहासिक स्थल अजगरा का विकास ठीक से नहीं हो सका। सपा सरकार में विकास की शुरुआत यहीं से हुआ करती थी। क्षेत्र में इंजीनियरिंग कालेज एवं अस्पताल की आवश्यकता है।
- डॉ. माबूद सिद्दीकी, अजगरा
जबसे जीतलाल पटेल विधायक बने हैं, वह बिना भेदभाव के सड़कें, पुल स्वीकृत कराकर बनवा रहे हैं। पूर्व बंद पड़े पुल व सड़क के कार्य भी पूरे कराकर जनता की सेवा को प्रयासरत हैं। उनके पास कोई समस्या जाती है तो उसका निस्तारण कराते हैं।
- अजय कुमार पटेल, मानधाता
विपक्षी चाहे जो भी कहें, वर्तमान विधायक समूचे क्षेत्र के विकास को लेकर सक्रिय हैं। जन समस्याओं के प्रति संवेदनशीलता से आज विकास के फलक पर विश्वनाथगंज दिख रहा है। सुविधाएं धीरे-धीरे होती हैं। धैर्य रखने की जरुरत है।
- दिनेश मिश्र हर्षपुर कोटवा।