संभल सांसद जियाउर्रहमान बर्क की बढ़ीं मुश्किलें: 'वंदे मातरम' पर दिए बयान को लेकर पुलिस में शिकायत, दर्ज हो सकती है FIR
संभल सांसद जियाउर्रहमान बर्क के खिलाफ 'वंदे मातरम' पर दिए बयान को लेकर पुलिस में शिकायत दर्ज की गई है। ...और पढ़ें

सांसद जियाउर्रहमान बर्क
HighLights
अधिवक्ता सत्यप्रकाश यादव कहा- यह राष्ट्रीय सम्मान अपमान निवारण अधिनियम का उल्लंघन
संवाद सहयोगी, संभल। सांसद जियाउर्रहमान बर्क पर राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम का अपमान करने का आरोप लगाते हुए अधिवक्ता ने कोतवालीमें तहरीर दी है। कहा है कि यह राष्ट्रीय सम्मान अपमान निवारण अधिनियम का उल्लंघन है और राष्ट्रहित व जनभावनाओं को आहत करने वाला दंडनीय अपराध है।
हयातनगर के गांव साकिन शोभापुर निवासी अधिवक्ता सत्यप्रकाश यादव ने सोमवार को कोतवाली पुलिस को दी तहरीर में बताया कि संभल सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने बयान दिया था कि वे ''वंदे मातरम्'' नहीं गाते हैं क्योंकि इसके कुछ शब्द उनके मजहब के खिलाफ हैं।
उन्होंने कहा था कि जन गण मन राष्ट्रगान है जिसका वे पूरा सम्मान करते हैं, लेकिन वंदे मातरम राष्ट्रगीत है और इसे गाने के लिए किसी को मजबूर नहीं किया जा सकता। अधिवक्ता द्वारा इस बयान को राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम का विरोध अपमान करने का आरोप लगाया है।
बताया कि लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक पद पर रहते हुए पूर्व में भी राष्ट्र और धर्म विशेष के प्रति लोगों को भड़काने वाले बयान दे चुके हैं। आरोप लगाया कि कोर्ट के आदेश पर जामा मस्जिद बनाम हरिहर मंदिर के सर्वे के दौरान भी सांसद ने अपने बयानों के माध्यम से लोगों को भड़काया, जिसके बाद दंगा हुआ।
इसकी पुष्टि न्यायिक आयोग की जांच रिपोर्ट में भी हुई है। बताया कि रिपोर्ट और अन्य संबंधित दस्तावेजों को साक्ष्य के रूप में तहरीर के साथ संलग्न किया है। अधिवक्ता ने बताया कि सांसद द्वारा वंदे मातरम के विरोध में दिया गया बयान इंटरनेट मीडिया प्लेटफार्म पर भी उपलब्ध है।
आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक पद पर रहते हुए बाबा साहेब डाॅ. भीमराव आंबेडकर के संविधान एवं देश के कानून के खिलाफ बयान बाजी करना सांसद द्वारा घोर अपमान करने की श्रेणी में आता है।
उन्होंने पुलिस से सांसद के खिलाफ संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। पुलिस अधीक्षक केके बिश्नोई ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। जांच कर अग्रिम कार्रवाई होगी।
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