शामली में 85 हजार रुपये रिश्वत लेते खान अधिकारी और क्लर्क गिरफ्तार, अफसर की दराज से 8 और घर से 63 लाख बरामद
Shamli News: शामली में मेरठ विजिलेंस टीम ने खान अधिकारी और उसके लिपिक को 85 हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार ...और पढ़ें

आरोपित अधिकारी सुधाकर एवं कर्मचारी सद्दाम।
HighLights
रेत खनन आवेदन अग्रसारित करने के नाम पर मांगी गई थी 1.35 लाख की रिश्वत।
उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान मेरठ सेक्टर की ट्रैप टीम ने की कार्रवाई।
जागरण संवाददाता, शामली। उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) मेरठ सेक्टर की ट्रैप टीम ने गुरुवार को जिला खनन अधिकारी कार्यालय से जिला खान अधिकारी सुधाकर सिंह और संविदा कर्मी सहायक लिपिक सद्दाम को 85 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
कार्यालय में खान अधिकारी की दराज से आठ लाख रुपये नकद और खान अधिकारी के घर से 63 लाख रुपये बरामद हुए। टीम ने दोनों आरोपितों को हिरासत में लिया और थाने लाकर पूछताछ की गई। नोट गिनने के लिए एलडीएम मशीन लेकर आदर्श मंडी थाने पहुंचे थे। दो मशीनों से नोट की गिनती की गई।
गुरुवार सुबह साढ़े सात बजे विजिलेंस निरीक्षक कृष्णवीर सिंह के नेतृत्व में 11 सदस्य टीम पहुंची। दो सदस्य स्वतंत्र साक्ष्य के रूप में शामली से शामिल किए गए। इसके बाद टीम ने दोपहर दो बजे तक इंतजार किया और 500-500 के नोट कुल 85 हजार रुपये पर फिनोलफ्थलीन केमिकल लगाकर शिकायतकर्ता परमाल को दिए। उसने ढाई बजे खान अधिकारी के कार्यालय पहुंचकर संविदाकर्मी सहायक लिपिक सद्दाम को 85 हजार रुपये सौंप दिए। तभी टीम पहुंची और उसको रंगे हाथ दबोच लिया।
टीम को खान अधिकारी की दराज से आठ लाख रुपये मिले। टीम दोनों को लेकर आदर्श मंडी थाने पहुंची। इसके बाद खान अधिकारी को लेकर उसके आवास आफीसर्स कालोनी निकट डीएम आवास भी टीम पहुंची। वहां से टीम ने 63 लाख रुपये बरामद किए। पूछताछ में आरोपितों ने अपना नाम सुधाकर सिंह पुत्र दिनेश सिंह मूल निवासी लालगंज तहसील क्षेत्र जिला रायबरेली हाल पता आफीसर्स कालोनी बताया। 10 जुलाई 2025 से शामली में तैनात था। संविदाकर्मी सद्दाम पुत्र जिंदा हसन निवासी गांव भूरा थाना कैराना है।
एएसपी राजीव कुमार सिंह ने बताया कि झिंझाना क्षेत्र के गांव मंगलौरा निवासी शिकायतकर्ता परमाल ठेकेदार ने बालू खनन करने के लिए आनलाइन आवेदन किया था। सरकारी फीस जमा करने की रसीद होने के बावजूद आवेदन जिला खान अधिकारी के स्तर पर अटका हुआ था। जब उसने आवेदन आगे बढ़ाने का निवेदन किया तो अधिकारी ने संविदा बाबू सद्दाम से मिलने को कहा।
सद्दाम ने एक लाख 35 हजार की मांग की। शिकायतकर्ता ने दो सितंबर को सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) मेरठ में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता ने पहले 50 हजार रुपये 21 सितंबर को अधिकारी के खाते में जमा कराए। इसके बाद गुरुवार को जैसे ही बाकी बचे 85 हजार रुपये नकद दिए गए, दबोचने के लिए तैयार विजिलेंस टीम ने दोनों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। घर और कार्यालय से जो नोट बरामद किए गए उनमें 200, 500 के नोट मिले है। आरोपितों की गिरफ्तारी के बाद एएसपी विजिलेंस राजीव कुमार सिंह भी थाने पहुंचे।
