तेल किल्लत की अफवाहों से पेट्रोल पंपों पर मारामारी, श्रावस्ती में भीड़ नियंत्रित करने के लिए बुलानी पड़ी पुलिस
पश्चिम एशिया में युद्ध के बीच ईंधन किल्लत की अफवाहों से श्रावस्ती में पेट्रोल पंपों पर भारी भीड़ उमड़ रही है। लोग घबराहट में जरूरत से ज्यादा तेल खरीद ...और पढ़ें
-1774521908356_m.webp)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
जागरण टीम, श्रावस्ती। पश्चिम एशिया में बढ़ते युद्ध के बीच ईंधन किल्लत की अफवाहों ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। पिछले दो दिनों से पेट्रोल पंपों पर तेल भरवाने के लिए भारी भीड़ उमड़ रही है। इससे हालात बेकाबू होते दिख रहे हैं। प्रशासन बार-बार स्पष्ट कर रहा है कि ईंधन की कोई कमी नहीं है, फिर भी लोग घबराहट में जरूरत से ज्यादा तेल स्टोर करने में जुटे हैं।
जिले के विभिन्न पेट्रोल पंपों पर बुधवार से ही अफरा-तफरी का माहौल रहा। वाहनों की लंबी कतारें लग रही है और पेट्रोल पंपों पर भीड़ नियंत्रित करने के लिए पुलिस को मशक्कत करनी पड़ रही है। कई पेट्रोल पंपों पर तेल न होने की नोटिस चस्पा कर दी गई। इसके बाद भी तेल के लिए भीड़ रही। लोग अपने वाहनों की टंकी फुल कराने के साथ डिब्बों और गैलनों में भी तेल भरवा रहे हैं।
इससे आपूर्ति व्यवस्था प्रभावित हो रही है। अधिकारी लगातार लोगों से अपील कर रहे है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और जरूरत अनुसार ही ईंधन लें, लेकिन इसका लोगों पर असर होता नहीं दिख रहा है। दूसरे दिन भी पेट्रोल पंपों पर भीड़ कम नहीं हुई है। परीक्षार्थियों, मरीजों और मांगलिक कार्यक्रमों में जाने वाले लोगों को घंटों लाइन में लगना पड़ रहा है।
किसानों को कैसे मिलेगा तेल?
तेल की जमाखोरी पर रोक के लिए प्रशासन ने डिब्बे में तेल की बिक्री पर रोक लगा दी है। इससे किसानों के समक्ष समस्या पैदा हो गई है। गुरुवार को आदेश लागू होने की जानकारी होते ही किसानों ने इकौना बाईपास पर जमकर हंगामा काटा। पुलिस ने समझा शांत किया।
खबरें और भी
सीमित बिक्री से बढ़ी परेशानी
भिनगा क्षेत्र में कुछ पेट्रोल पंपों पर तेल लेने आए बाइक सवारों को मात्र सौ रुपये का तेल लेने की सीमा निर्धारित की गई। इससे लंबी दूरी या भ्रमण कर काम करने वाले लोगों को समस्या हुई।
डीजल-पेट्रोल पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। लोग अफवाहों के चक्कर में व्यग्र हो रहे हैं, इसलिए जमाखोरी रोकने के लिए डिब्बे व गैलन में तेल देने पर रोक लगाई गई है। इन दिनों सिंचाई का विशेष सीजन नहीं है, लेकिन किसान प्रमाण देकर सिंचाई के लिए डिब्बे में तेल ले सकते हैं। - दीपक कुमार वार्ष्णेय, जिला आपूर्ति अधिकारी।