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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 18, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Maha Kumbh में बसें भी चलेंगी भगवा, प्रयागराज आ रहे यात्रियों की सुविधा को यूपी रोजवेज ने बनाया प्‍लान

    Updated: Wed, 18 Dec 2024 04:44 PM (IST)

    Maha Kumbh 2025 महाकुंभ 2025 की तैयारियों के तहत सोनभद्र रोडवेज डिपो में जल्द ही दो दर्जन नई बसें शामिल की जाएंगी। ये बसें महाकुंभ के दौरान प्रयागराज ...और पढ़ें

    Maha Kumbh 2025: महाकुंभ पर शांति का प्रतीक सफेद व भगवा रंग की दौड़ेंगी बसें. File
    Maha Kumbh 2025: महाकुंभ पर शांति का प्रतीक सफेद व भगवा रंग की दौड़ेंगी बसें. File

    HighLights

    1. यात्रियों की पर्याप्त संख्या होते ही प्रयागराज भेजी जाएंगी बसें
    2. डिपो से वाराणसी, प्रयागराज व लखनऊ तक दी जाती है सेवाएं
    3. सोनभद्र डिपो की 80 प्रतिशत बसों की रंगाई-पोताई शुरू, रोडवेज चलाएगा नई बसें भी

    जागरण संवाददाता, सोनभद्र। Maha Kumbh 2025: सोनभद्र रोडवेज डिपो में शीघ्र ही दो दर्जन नई बसें शामिल की जाएंगी। यह बसें महाकुंभ पर प्रयागराज के लिए चलाई जाएंगी। फिलहाल, यहां से 61 बसों का संचालन किया जा रहा है। इनमें से 80 प्रतिशत बसों की रंगाई की जा रही हैं।

    सफेद व भगवा रंग में रंगी बसें

    अबकी महाकुंभ पर शांति का प्रतीक सफेद व भगवा रंग में रंगी बसें ही प्रयागराज के लिए चलाई जाएंगी। धीरे-धीरे नई बसें आ रही हैं, लेकिन पर्याप्त बसें नहीं होने से परिचालन पर असर पड़ रहा है। दिसंबर के अंत तक दो दर्जन नई बसें भी आएंगी जिन्हें प्रयाग के लिए चलाया जाएगा।

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    75 प्रतिशत अनुबंधित बसें चलाने की कवायद

    उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के सोनभद्र समेत जनपद के सभी डिपो से कम से कम 75 प्रतिशत अनुबंधित बसें चलाने की भी कवायद चल रही है। वाराणसी परिक्षेत्र के अधिकारी कहते हैं कि नई बसों की कमी नहीं है। जल्द ही सोनभद्र डिपो को नई बसें आवंटित की जाएंगी।

    आधे से अधिक बसें जर्जर हालत में

    सोनभद्र डिपो की बसों में आधे से अधिक बसें जर्जर हालत में हैं। इनके स्थान पर जब तक रोडवेज की नई बसें नहीं आ जाती हैं तब तक अनुबंधित बसें चलाने पर बल दिया जा रहा है।

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    पांच बसें अनुबंध पर चलाई भी जा रही हैं। इससे रोडवेज की बसों से यात्रा करने वाले यात्री राहत में हैं। स्थानीय डिपो में बसें नहीं रहने के कारण मुख्य सड़क से गुजरने वाली निजी बसों से यात्रियों को यात्रा करनी पड़ती है। इसका प्रतिकूल प्रभाव डिपो की आय पर पड़ता है।

    यहां-यहां के लिए जाती हैं बसें

    सोनभद्र डिपो की आय प्रतिमाह दो करोड़ 17 लाख रुपये है। कुछ बसों का परिचालन हो तो आय में इजाफा होने संभव है। वैसे, डिपो की बसें वाराणसी, मीरजापुर, प्रयागराज, कानपुर, लखनऊ, आजमगढ़, मऊ, गाजीपुर होते हुए गोरखपुर तक जाती हैं।

    नंबर गेम

    • 31 - बसें बेहतरीन हालत में हो रही संचालित
    • 12 - स्थायी चालक हैं सोनभद्र डिपो में
    • 121 - संविदा पर चालक दे रहे हैं सेवाएं

    महाकुंभ को लेकर रोडवेज प्रबंधन तैयारी में जुटा है। एक दर्जन नई बसें आनी हैं। बसों की डिमांड वाराणसी क्षेत्रीय कार्यालय को भेजी गई है। उम्मीद जताई जा रही है कि शीघ्र ही नई बसें आएंगी। - विश्राम सिंह, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक, सोनभद्र