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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 13, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    प्रधानमंत्री के क्षेत्र में चार डिप्टी कलेक्टर समेत 10 महत्वपूर्ण पद खाली, क्यों ध्यान नहीं दे रही सरकार?

    By Ashok SinghEdited By: Siddharth Chaurasiya
    Updated: Wed, 13 Sep 2023 08:18 PM (IST)

    प्रधानमंत्री का संसदीय क्षेत्र व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्राथमिकता वाले जनपद में सिटी मजिस्ट्रेट समेत 12 डिप्टी कलेक्टर के पद हैं। वर्तमान में ...और पढ़ें

    वाराणसी में सरकार ध्यान नहीं दे रही है और जनता का कार्य प्रभावित हो रहा है।
    वाराणसी में सरकार ध्यान नहीं दे रही है और जनता का कार्य प्रभावित हो रहा है।

    जागरण संवाददाता, वाराणसी। प्रधानमंत्री का संसदीय क्षेत्र व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्राथमिकता वाले जनपद में सिटी मजिस्ट्रेट समेत 12 डिप्टी कलेक्टर के पद हैं। वर्तमान में चार पद खाली हैं। इतना ही नहीं सीआरओ, तहसीलदार न्यायिक, एसओसी, डीडीसी समेत 10 प्रमुख पद खाली चल रहे हैं। जिले से स्थानांतरण के बाद महत्वपूर्ण डिप्टी कलेक्टर राजस्व का पद खाली है। यह कार्य प्रभारी अधिकारी के रूप में एसीएम तृतीय देख रहे हैं।

    राजस्व मुकदमों को देखने के लिए तहसीलों में एसडीएम न्यायिक के पद सृजित हैं। राजातालाब व पिंडरा में ये दोनों पद खाली हैं। तीनों तहसीलों में तहसीलदार न्यायिक का पद तो वर्षों से खाली है। इन पदों पर काई प्रभारी भी नहीं है। सिटी मजिस्ट्रेट का कार्य एसीएम द्वितीय के पास है। इतना ही नहीं, जिलाधिकारी के बाद महत्वपूर्ण मुख्य राजस्व अधिकारी पद से अरुण कुमार सिंह 31 जुलाई को सेवानिवृत हो गए। तब से इस कार्य को एडीएम वित्त देख रहीं हैं।

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    इसी प्रकार उप संचालक चकबंदी (डीडीसी) का खाली पद एडीएम प्रशासन के पास और बंदोबस्त अधिकारी चकबंदी (एसओसी) का प्रभार चंदौली जनपद के एसओसी के पास है। ऐसे में मुकदमों के निस्तारण के साथ ही रोजमर्रा के कार्य प्रभावित हो रहे हैं। हालत यह है प्रत्येक माह मुख्यमंत्री और प्रतिदिन केंद्रीय, प्रदेश के मंत्री, राज्य अतिथि जैसे वीआइपी की ड्यूटी का लोड इन अधिकारियों पर है। सरकार ध्यान नहीं दे रही है और जनता का कार्य प्रभावित हो रहा है।

    लोगों को न्याय व अन्य कार्यों के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। प्रशासनिक महकमे में कहा जाता है कि काशी में कोई भी जिलास्तर का अधिकारी आना नहीं चाहता है। जो आ गया है वह रहना नहीं चाहता है।

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    एसडीएम सदर का भी हुआ तबादला

    एसडीएम सदर के रूप में तैनात आइएएस जयदेव सीएस को शासन ने सीडीओ के पद पर अन्यत्र तबादला कर दिया है। वह शनिवार को चले जाएंगे। शासन ने इस पद पर डिप्टी कलेक्टर नहीं दिया।