यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 28, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Ganga Bridge Varanasi: जमीन से 25 मीटर ऊंची बनेगी गंगा पुल की अप्रोच सड़क, 1200 मीटर होगा सड़क निर्माण
Varanasi News वाराणसी शहर में प्रवेश करने वाले हल्के और भारी वाहनों में कमी लाने के लिए रिंग रोड नेटवर्क को मजबूत किया जा रहा है। पौने दो किलोमीटर ग ...और पढ़ें

HighLights
- 1200 मीटर सड़क निर्माण होगा, 4.50 लाख क्यूबिक मीटर फ्लाईएश और मिट्टी की जरुरत
- चार लाख क्यूबिक मीटर फ्लाईएश व मिट्टी की आमद, दोनों तरफ रफ्तार पकड़ चुका निर्माण
जागरण संवाददाता, वाराणसी। शहर में प्रवेश करने वाले हल्के और भारी वाहनों में कमी लाने की मंशा से रिंग रोड नेटवर्क को मजबूत करने का प्रयास है। पौने दो किलोमीटर गंगा पुल की एक लेन मार्च के पहले सप्ताह में शुरू करने का लक्ष्य है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) सेगमेंट लॉन्चिंग कार्य 15 फरवरी तक पूर्ण कर लेगा।
तीन सेगमेंट को पिलर पर रखने का कार्य जारी है, इसके अलावा पुल के दोनों तरफ करीब 1200 मीटर अप्रोच सड़क निर्माण ने भी गति पकड़ी है। यह सड़क जमीन से करीब 25 मीटर ऊंची बनाई जा रही है, क्योंकि पुल से गंगा का जलस्तर इतना ही नीचे है। पुल के हिसाब से संपर्क मार्ग बनाया जा रहा है। यह पुल बनारस के बभनपुरा चिरईगांव से शुरू होकर चंदौली के सुलतानीपुर गांव में समाप्त हो रहा है।
बनारस की ओर 700 मीटर, जबकि चंदौली की तरफ 500 मीटर सड़क बननी है। केवल पुल की लागत करीब साढ़े पांच सौ करोड़ है। दोनों छोर को जोड़ने के लिए अप्रोच सड़क का निर्माण जरूरी है, फ्लाईएश और मिट्टी की भराई का कार्य प्रगति पर है, इसके लिए एनटीपीसी विंध्यनगर और रिहंद थर्मल पावर स्टेशन को फ्लाईएश का मांग पत्र भेजा गया था। करीब चार लाख क्यूबिक मीटर फ्लाईएश व मिट्टी गिराई जा चुकी है, जबकि 50 हजार क्यूबिक मीटर की और आवश्यकता है। फरवरी के अंत तक सिक्स लेन संपर्क मार्ग बनकर तैयार हो जाएगा, लेकिन पुल की दूसरी लेन अगस्त तक चालू की जा सकती है। पुल पर 32 मीटर की दूरी पर प्रकाश के लिए एक पोल लगाया जाएगा।
कार्य पूर्ण होने के बाद रिंग रोड से जुड़ेंगे चार नेशनल हाईवे
रिंग रोड का पहला फेज (हरहुआ से संदहां तक) और दूसरा फेज का पहला पैकेज (राजातालाब से हरहुआ तक) पर वाहनों की आवाजाही हो रही है। दूसरा फेज का दूसरा पैकेज (संदहां से रेवासा) तक 27 किमी. सड़क निर्माण हो चुका है, लेकिन गंगा पुल की वजह से पूरा रिंड रोड नेटवर्क आपस में जुड़ नहीं पा रहा है।
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गैमन इंजीनियर्स एंड कांट्रैक्टर प्राइवेट लिमिटेड को कार्यदायी एजेंसी नियुक्त किया गया है। कार्य पूर्ण होते ही रिंड रोड से एक साथ चार नेशनल हाईवे जुड़ जाएंगे। दिल्ली, लखनऊ, प्रयागराज, गोरखपुर, आजमगढ़, बलिया व गाजीपुर समेत अन्य जिलों की तरफ से आने वाले बड़े व छोटे वाहन बिना शहर में दाखिल हुए नेपाल, बिहार, झारखंड, बंगाल व मध्य प्रदेश के अलग-अलग जिलों में आवागमन कर सकेंगे।