वाराणसी और पूर्वांचल से बादलों ने बनाई दूरी, आंच की होने जा रही बरसात, लू के थपेड़ों के लिए हो जाएं तैयार
वाराणसी और पूर्वांचल में मौसम विभाग ने आगामी दिनों में तापमान में 4-6 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि का अनुमान जताया है, जिससे कई स्थानों पर पारा 40 डिग्री ...और पढ़ें

पूर्वांचल में गर्मी का कहर: वाराणसी में पारा 40 पार, लू की चेतावनी।
HighLights
वाराणसी-पूर्वांचल में गर्मी का प्रकोप बढ़ा, लू का अहसास।
तापमान में 4-6 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि का अनुमान।
एक सप्ताह बाद लू के थपेड़े प्रभावी होंगे।
जागरण संवाददाता, वाराणसी। पूर्वांचल सहित वाराणसी में मौसम का रुख बदला हुआ नजर आ रहा है। गर्मी का रुख है और वातावरण में लू के थपेड़ों का अहसास धीरे धीरे घुलने लगा है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में मौसम का रुख गर्मी की ही ओर होगा। मौसम विभाग ने अब सतही हवाओं के प्रभावी होने का अनुमान जताया है जिसकी वजह से मौसम और भी शुष्क होगा। हालांकि लगभग 65 दिन बाद मानसून पूर्वांचल में प्रभावी होने लगेगा और डेढ़ माह बाद प्री मानसूनी परिस्थितियां भी बनने लगेंगी।
सोमवार की सुबह वातावरण में कुछ ठंडक का असर प्रभावी बना रहा लेकिन दिन चढ़ने के बाद वातावरण में गर्मी का असर शुरू हो गया। सुबह नौ बजे के बाद वातावरण में गर्मी और सूरज के ताप का असर नजर आने लगा। सुबह 11 बजे से धूप का प्रकोप समझ भी आने लगा। माना जा रहा है कि अब दिन में धूप का असर प्रभावी होगा और लू के हालात भी साफ नजर आने लगेंगे। मौसम विभाग ने भी इस पूरे सप्ताह हवाओं के असर और गर्मी का प्रकोप रहने का अनुमान जताया है। सप्ताह भर के बाद लू के थपेड़ों से समूचा पूर्वांचल प्रभावित होता नजर आएगा।
बीते चौबीस घंटों में अधिकतम तापमान 37.9°C दर्ज किया गया जो सामान्य से 1.4 डिग्री कम रहा। न्यूनतम तापमान 21.0°C दर्ज किया गया जो सामान्य से 0.6 डिग्री कम रहा। न्यूनतम आर्द्रता 21% और अधिकतम 35% दर्ज की गई। माना जा रहा है कि अब बादलों की आवाजाही का दौर कुछ समय के लिए थमने के बाद वातावरण में गर्मी और लू का असर अधिक होगा और वातावरण में नमी का स्तर घटने की वजह से बादलों की सक्रियता का असर कम होगा।
मौसम विभाग का अनुमान
मौसम विभाग के अनुसार दिन में 30-40 (झोंकों में 50) किमी/घंटे की गति से चल रही तेज पछुआ हवाओं का दौर 12 अप्रैल के उपरान्त कम होने के साथ आगामी एक सप्ताह के दौरान प्रदेश में कोई भी सक्रिय मौसम तंत्र नहीं होने के कारण मौसम शुष्क बना रहने से तापमान में 4-6°C की सम्भावित क्रमिक वृद्धि के परिणामस्वरुप राजधानी लखनऊ समेत प्रदेश में अनेक स्थानों पर अधिकतम तापमान 40°C का स्तर पार कर जाने की संभावना है।