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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 30, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Gyanvapi Case: सील वुजूखाने के भी ASI सर्वे की मांग, जिला अदालत में दाखिल किया गया प्रार्थना पत्र

    By Jagran NewsEdited By: Abhishek Pandey
    Updated: Wed, 30 Aug 2023 07:50 AM (IST)

    Gyanvapi Case शृंगार गौरी प्रकरण की वादी राखी सिंह ने मंगलवार को जिला जज डॉ. अजय कृष्ण विश्वेश की अदालत में प्रार्थना पत्र देकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश ...और पढ़ें

    सील वुजूखाने के भी ASI सर्वे की मांग, जिला अदालत में दाखिल किया गया प्रार्थना पत्र
    सील वुजूखाने के भी ASI सर्वे की मांग, जिला अदालत में दाखिल किया गया प्रार्थना पत्र

    जागरण संवाददाता, वाराणसी : शृंगार गौरी प्रकरण की वादी राखी सिंह ने मंगलवार को जिला जज डॉ. अजय कृष्ण विश्वेश की अदालत में प्रार्थना पत्र देकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर सील ज्ञानवापी स्थित वुजूखाने में मिले शिवलिंग को छोड़कर पूरे वुजूखाने के भी एएसआइ (आर्कियोलाजिकल सर्वे आफ इंडिया) सर्वे की मांग की है।

    हाई कोर्ट के आदेश पर वर्तमान में वुजूखाने को छोड़कर पूरे ज्ञानवापी परिसर का एएसआइ सर्वे चल रहा है। प्रार्थना पत्र पर आठ सितंबर को सुनवाई होगी। प्रार्थना पत्र में कहा गया है कि सुप्रीम कोर्ट ने 17 मई 2022 को अपने एक आदेश में शिवलिंग और वुजूखाने को संरक्षित करने का आदेश दिया था।

    पूरे वुजूखाने का सर्वे कराने की मांग

    इस मामले में अदालत निष्पक्ष निर्णय दे, इसके लिए आवश्यक है कि शिवलिंग को छोड़कर वुजूखाने का सर्वे भी हो। वर्तमान में एएसआइ टीम ज्ञानवापी को किसी प्रकार का नुकसान पहुंचाए बिना सुरक्षित विधि से सर्वे कर रहा है। ऐसे में वुजूखाने को भी एएसआइ सर्वे से कोई नुकसान नहीं होगा।

    ज्ञानवापी में उर्स की मांग पर अगली सुनवाई 30 सितंबर को

    ज्ञानवापी में कब्रों का जिक्र करते हुए उर्स आदि धार्मिक कार्यों की मांग को लेकर दायर वाद की जिला अदालत में लंबित निगरानी याचिका पर मंगलवार को सुनवाई अधिवक्ताओं के कार्य बहिष्कार के चलते टल गई। अगली सुनवाई 30 सितंबर को होगी।

    खबरें और भी

    लोहता निवासी मुख्तार अहमद अंसारी के वाद में लखनऊ निवासी रंजना अग्निहोत्री, पवन पाठक को पक्षकार बनाने का आवेदन सिविल जज (सीनियर डिवीजन फास्ट ट्रैक कोर्ट) ने स्वीकार किया था। इस आदेश के खिलाफ मुख्तार ने जिला अदालत में निगरानी याचिका दाखिल की है।

    उधर, गाली गलौज और धमकी देने के मामले में विश्व वैदिक सनातन संघ प्रमुख जितेंद्र सिंह विसेन समेत दो के खिलाफ दाखिल प्रार्थना पत्र पर न्यायिक मजिस्ट्रेट (तृतीय) की अदालत में सुनवाई नहीं हुई। अगली सुनवाई 26 सितंबर को होगी। शृंगार गौरी मुकदमे की चार वादी महिलाओं सीता साहू, लक्ष्मी देवी, मंजू और रेखा पाठक ने प्रार्थना पत्र में विसेन पर गाली देने व अमर्यादित व्यवहार करने का आरोप लगाया है।