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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 17, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Samvatsar 2081: शादी के लिए इतने दिनों का लगन-मुहूर्त, गूंजेगी शहनाई, बनारस के ज्योतिषाचार्य ने बताया कब-कब हैं शुभ दिन

    Updated: Wed, 17 Apr 2024 09:21 PM (IST)

    Samvatsar 2081 इस साल शादी−विवाह के 73 लगन हैं। 18 के बाद सन्नाटा टूटेगा और शहनाई की गूंज सुनाई देगी। अबकी शादी-विवाह के कारक ग्रह शुक्र व बृहस्पति के ...और पढ़ें

    Samvatsar 2081 टूटेगा सन्नाटा और गूंजेगी शहनाई
    Samvatsar 2081 टूटेगा सन्नाटा और गूंजेगी शहनाई

    HighLights

    1. 18 से 26 अप्रैल तक नौ दिनों तक लगातार मिल रहे मंगल मुहूर्त
    2. बृहस्पति व शुक्र के अस्त होने से मई-जून में नहीं गूंजेगी शहनाई

    जागरण संवाददाता, वाराणसी। संवत्सर 2081 में शादी-विवाह के लिए 75 दिन लगन-मुहूर्त के होंगे। इसकी शुरूआत 18 अप्रैल से हो रही है। इस माह लगातार नौ दिनों तक विवाह मुहूर्त मिलेंगे। 

    ज्योतिषाचार्य पं. ऋषि द्विवेदी के अनुसार सूर्यदेव के 14 मार्च को दिन में 3.12 बजे कुंभ से मीन राशि में प्रवेश के साथ खरमास लग गया था। चैत्र शुक्ल प्रतिपदा नौ अप्रैल को नवसंवत्सर 2081 का आरंभ हुआ और 13 अप्रैल को रात 11.17 बजे सूर्यदेव के मीन से मेष राशि में संचरण के साथ खरमास का समापन हो गया। शादी-विवाह के कारक ग्रह शुक्र की कमजोर स्थिति के कारण मांगलिक कार्यों के लिए लगन-मुहूर्त का इंतजार करना पड़ा।

    मई-जून में विवाहादि के मुहूर्त नहीं

    अब वैशाख कृष्ण षष्ठी सोमवार 29 अप्रैल को शुक्र पूर्व में तो वैशाख कृष्ण द्वादशी सोमवार पांच मई को देवगुरु बृहस्पति पश्चिम में अस्त हो जाएंगे। इससे इस वर्ष मई-जून में विवाहादि के मुहूर्त नहीं मिलेंगे।

    बृहस्पति का उदय ज्येष्ठ कृष्ण द्वादशी सोमवार तीन जून को होगा, लेकिन शुक्र अस्त ही रहेंगे। शुक्रोदय आषाढ़ कृष्ण सप्तमी 28 जून को शाम 5.06 बजे होगा। शुक्र का बालत्व एक जुलाई को समाप्त होगा। उसके बाद नौ जुलाई से लगन-मुहूर्त प्रारंभ होंगे।

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    आषाढ़ शुक्ल एकादशी 17 जुलाई से चातुर्मास लग जाएगा। इससे चार माह तक मांगलिक कार्यों पर विराम रहेगा। कार्तिक शुक्ल एकादशी पर 12 नवंबर को चातुर्मास समाप्त होगा और मांगलिक कार्य शुरू होंगे।

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    नवबंर-दिसंबर में 17 लगन-मुहूर्त के बाद 16 दिसंबर को सूर्यदेव के वृश्चिक राशि से प्रातः 7.39 बजे धनु राशि में जाएंगे और खरमास लग जाएगा। इसका समापन 14 जनवरी 2025 को सूर्यदेव के धनु से मकर में प्रवेश के साथ होगा और 14 मार्च तक 40 लगन मिलेंगी। मार्च में खरमास लगने के बाद नए संवत 2082 में विवाहादि होंगे। \\B

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    लगन-महूर्त

    • अप्रैल (नौ मुहूर्त)- 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 25, 26
    • जुलाई (सात मुहूर्त)- नौ, 10, 11, 12, 13, 14, 15
    • नवंबर (सात मुहूर्त)- 17, 18, 22, 23, 24, 25, 26
    • दिसंबर (10 मुहूर्त) - दो, तीन, चार, पांच, नौ, 10 11, 13, 14, 15
    • जनवरी (10 मुहूर्त) -16, 17, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 25
    • फरवरी (20 मुहूर्त) -एक, दो, तीन, छह, सात, आठ, 12, 13, 14, 15, 16, 17, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 25
    • मार्च (10 मुहूर्त) - एक, दो, तीन, पांच, छह, सात, 11, 12, 13, 14