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    Panchayat Chunav : पंचायत चुनाव में अबकी जनता के हाथ होंगे प्रधान जी के सारे प्रयास, वादे और दावे सब द‍िखेंगे एप पर

    Updated: Tue, 12 Aug 2025 12:42 PM (GMT+05:30)

    वाराणसी में पंचायत चुनाव को लेकर एक नई पहल की गई है। अब गांव के विकास कार्यों की जानकारी एक एप के माध्यम से उपलब्ध होगी। मेरी पंचायत नामक इस एप पर गां ...और पढ़ें

    ''मेरी पंचायत'' एप से गांव के लोग हर योजना के बनेंगे जानकार व भागीदार।
    ''मेरी पंचायत'' एप से गांव के लोग हर योजना के बनेंगे जानकार व भागीदार।

    HighLights

    1. एप से गांव के विकास की जानकारी मिलेगी |
    2. ग्राम पंचायत एप पर हर सूचना उपलब्ध |
    3. ग्रामीण सुझाव देकर विकास में भागीदार बनें |

    जागरण संवाददाता, वाराणसी। इस बार का पंचायत चुनाव कई मायनों ने अनोखा होने जा रहा है। अब गांव के व‍िकास और योजनाओं की जानकारी एप के जर‍िए हर हाथ में पहुंचने जा रहा है। प्रधान जी के प्रयास और कार्य भी एप पर नजर आएंगे।  भारत सरकार के एप पर गांव की हर सूचना अपलोड होगी तो पंचायत के निवासी, प्रधान, सचिव, जनप्रतिनिधि सभी हो सकेंगे शामिल।

    इस बार वोट प्रधान जी के काम पर ही होगा। जबक‍ि इसके ल‍िए तैयारी राष्‍ट्रीय फलक पर हो चुकी है। मकसद साफ है क‍ि गांव का व‍िकास ही देश के व‍िकास की बड़ी कड़ी है। विकास की सबसे छोटी इकाई गांव है लेकिन केंद्र और राज्य का फोकस गांवों के ही विकास पर केंद्रित है। उन्हें विकास से संतृप्त कर आत्मनिर्भर बनाने की है।

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    यह कार्य सुचारू रूप से चलता रहे इसके लिए भारत सरकार के ई-ग्राम पंचायत ने 'मेरी पंचायत' एप विकसित किया है। इससे गांव का हर व्यक्ति गांव में होने वाले हर कार्य के विषय में जानकारी हासिल कर सकता है। इससे वह किसी अनियमितता का पता लगा सकता है। इतना ही नहीं वह अपने सुझाव से गांव के विकास में भागीदार बन सकता है।

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    ई-पंचायत एप गूगल प्ले स्टाेर पर उपलब्ध है। इसे इंस्टाल कर अपनी भाषा, ग्राम पंचायत का नाम, पासवर्ड आदि डालकर लागिंग कर सकते हैं। इसके बाद ग्राम पंचायत का होम पेज खुल जाएगा। होम पेज पर ही गांव के विकास कार्यों की फोटो के साथ ही लोकेशन, फेसबुक, इंस्टाग्राम, एक्स पेज, मौसम की जानकारी मिलेगी। इसके बाद मेनू में 16 पेज हैं। गांव में सफाई, टायलेट, पब्लिक टायलेट, पंचायत भवन, लाइब्रेरी, बैंक एकाउंट में उपलब्ध धनराशि आदि की जानकारी आसानी से प्राप्त की जा सकती है।

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    इसका सबसे महत्वपूर्ण कार्य यह है कि गांव में जो विकास के कार्य हुए हैं वह क्या-क्या हैं। उन पर कितना खर्च हुआ है। कौन से कार्य वर्तमान में चल रहे हैं। कौन से कार्य भविष्य में होने हैं। कितने कार्यों की मरम्मत जैसे कार्य हुए हैं। इस प्रकार गांव का व्यक्ति जो वहां मौके पर मौजूद रहता है वह विकास कार्यों का अच्छा सोशल आडिट कर सकता है।

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    सुझाव देकर बन सकते हैं सहयोगी

    गांव के विकास के लिए केवल प्रधान, सदस्य, सचिव, ग्राम समितियां ही जिम्मेदार नहीं हैं। इसमें गांव का हर व्यक्ति भागीदार बन सकता है। इसके लिए गांव का कोई भी व्यक्ति एप पर विकास, मरम्मत, सुधार आदि से संबंधित सुझाव दे सकता है। इस पर न केवल प्रधान बल्कि पंचायत राज विभाग के अधिकारियों की भी नजर रहती है। सुझाव पर क्या पहल हुई इसकी भी जानकारी मिलेगी।

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