विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

कांग्रेस की परिवर्तन शंखनाद यात्राः पूर्व सीएम हरीश रावत का भाजपा सरकार पर तीखा हमला, पलायन और विकास पर उठाए सवाल

Published: Sun, 25 Oct 2026 05:07 PM (IST)

पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने द्वाराहाट में 'परिवर्तन शंखनाद यात्रा' के दौरान भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने पलायन, ...और पढ़ें

HighLights

  1. पलायन, कृषि संकट और जंगली जानवरों पर सरकार को घेरा।

  2. पेंशन बंद करने, अतिथि शिक्षकों को हटाने पर सवाल उठाए।

  3. अंकिता भंडारी मामले में भाजपा नेताओं की संलिप्तता का आरोप।

जागरण संवाददाता, द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। परिवर्तन शंखनाद यात्रा में द्वारहाट पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत 'हरदा' ने कहा कि पलायन से बेजार पहाड़ में खेतीबाड़ी चौपट हो गई है। जंगली जानवर फसल तबाह कर रहे।

लेकिन खैती बचाने के लिए राज्य सरकार के पास न सोच है ना ही नीति। तंज कसा कि राज्य में जितने भाजपाई हैं उनसे अधिक गुलदार और बंदर घूम रहे हैं। जो लाभ कांग्रेस की सरकार में पेंशन के रूप में दिया वह सब बंद कर दिया गया है।

हमने जगरिया आदि को भी पेंशन दी। हिंदू मुसलमान के अलावा मुख्यमंत्री कुछ नहीं बोलते। काम कुछ नहीं। अतिथि शिक्षक निकाले जा रहे हैं। मंडल अध्यक्ष के कमंडल में कुछ डाल दे रहा है। उसे अस्थाई नौकरी मिल रही है।

द्वाराहाट के माध्यम से उत्तराखंड से अपील कि इस बार अपने लिए मतदान करें। बलात्कार हत्याएं खुले आम हो रहे हैं। कई बलात्कारियों में भाजपा के लोग शामिल हैं। अंकिता तो एक उदाहरण है। जिसने अपनी और राज्य की अस्मिता के लिए अपने प्राण त्याग दिए।

मना करने पर उसे मार दिया गया। चुनाव आयोग का सहारा खुलेआम लिया जा रहा। भाजपाइयों के नाम जोड़े जा रहे अन्य के काटे जा रहे हैं। ज्ञानेश कुमार खुलेआम यह कार्य कर रहा है। बदलाव की हुंकार और अधिक बुलंद होनी चाहिए।

तीन चार माह तक कार्यकर्ताओं को लगातार मेहनत करनी होगी। हरदा ने विधायक मदन बिष्ट की मुक्तकंठ से प्रशंसा। गांधी परिवार और कांग्रेस ने मुझे बहुत अवसर दिए हैं। मैंने उसका फायदा राज्य की सफलता के लिए उठाया। गांव गांव नहीं जा सकता।

लेकिन सबको खड़ा करने का कार्य अभी भी करेंगे। गैरसैंण में सारी सुविधाएं हमने जुटा लीं। हमारी सत्ता जाने का खामियाज गैरसैंण और उसके समीपवर्ती क्षेत्रों को उठाना पड़ रहा है। इसके लिए नए सिरे से संघर्ष करने की आवश्यकता। परिवर्तन शंखनाद का केंद्र द्वाराहाट बने। जो पूरे प्रदेश में गूंजेगा।

यह भी पढ़ें- आदि कैलास अल्ट्रा मैराथनः 72 किमी दौड़ में चमोली के दिगंबर सिंह बने चैंपियन, अल्मोड़ा व बुलंदशहर के धावक दूसरे-तीसरे पर

यह भी पढ़ें- अल्मोड़ा में खाई में गिरी बोलेरो, चालक को कार का दरवाजा काटकर निकाला