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    सीएम हेल्पलाइन 1905 पर मुख्यमंत्री धामी का सख्त रुख: जन शिकायतों पर लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को नोटिस

    Updated: Thu, 30 Jul 2026 08:01 PM (IST)

    मुख्यमंत्री धामी ने सीएम हेल्पलाइन-1905 की समीक्षा कर जन शिकायतों के त्वरित समाधान में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए ...और पढ़ें

    सचिवालय में सीएम हेल्पलाइन-1905 पर आई शिकायतों पर हुई कार्रवाई की समीक्षा करते मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। सूवि

    सचिवालय में सीएम हेल्पलाइन-1905 पर आई शिकायतों पर हुई कार्रवाई की समीक्षा करते मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। सूवि

    HighLights

    1. शिकायतों के त्वरित समाधान में लापरवाही पर सख्त कार्रवाई के निर्देश

    2. पेयजल विभाग की लंबित शिकायतों का एक सप्ताह में निस्तारण

    3. प्रत्येक सोमवार को जिला स्तर पर समाधान दिवस आयोजित करें

    राज्य ब्यूरो, देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन-1905 को जनसमस्याओं के त्वरित समाधान का प्रभावी माध्यम बताते हुए शिकायतों के समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

    उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन अधिकारियों की शिकायतों पर कार्यवाही शून्य प्रतिशत है, उन्हें तत्काल कारण बताओ नोटिस जारी किया जाए और संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए।

    पेयजल विभाग और जल जीवन मिशन से जुड़ी लंबित शिकायतों पर नाराजगी जताते हुए मुख्यमंत्री ने एक सप्ताह के भीतर इनके निस्तारण के निर्देश भी दिए।

    मुख्यमंत्री धामी ने गुरुवार को सचिवालय में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन-1905 की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने कहा कि प्रत्येक शिकायत का समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और शिकायतकर्ता की संतुष्टि के अनुरूप समाधान सुनिश्चित किया जाए।

    उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर उदासीनता स्वीकार नहीं की जाएगी और जवाबदेही तय की जाएगी। जिन शिकायतों का निर्धारित अवधि में समाधान संभव नहीं हो पा रहा है, उनकी विभागाध्यक्ष और जिलाधिकारी नियमित समीक्षा करें।

    स्पेशल क्लोज, डिमांड, सजेशन और अन्य श्रेणियों में डाली गई शिकायतों का भी गंभीरता से परीक्षण किया जाए, ताकि वास्तविक शिकायतों का निस्तारण प्रभावित न हो।

    यह भी दिए निर्देश

    • प्रत्येक सोमवार को जिला स्तर पर जिलाधिकारी, मंडल स्तर पर मंडलायुक्त और शासन स्तर पर सचिवों समाधान दिवस करें आयोजित।
    • भारतीय प्रशासनिक सेवा, भारतीय पुलिस सेवा और भारतीय वन सेवा अधिकारी अपने प्रथम तैनाती क्षेत्रों में किए गए नवाचारों की विस्तृत सूची 50 दिन के भीतर उपलब्ध कराएंगे
    • सेवानिवृत्त कार्मिकों को पहले ही माह से पेंशन मिलना हो सुनिश्चित
    • चारधाम यात्रा मार्गों का स्थलीय निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ बनाएं
    • भूमि संबंधी विवादों का प्राथमिकता से किया जाए निस्तारण

    20 हजार से अधिक शिकायतों का हुआ निस्तारण

    बैठक में बताया गया कि 18 अप्रैल से 28 जुलाई तक हेल्पलाइन पर 67,843 शिकायतें प्राप्त हुईं।

    इनमें 20,461 का पूर्ण, 31,363 का आंशिक निस्तारण किया जा चुका है, जबकि 7,404 शिकायतें प्रक्रियाधीन हैं। 4,061 लंबित और 3,738 स्पेशल क्लोज श्रेणी में हैं। स्पेशल क्लोज की दर घटकर 5.5 प्रतिशत रह गई है।

    शिकायतकर्ताओं से भी की बात

    मुख्यमंत्री ने अल्मोड़ा, टिहरी, हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर के शिकायतकर्ताओं से सीधे फोन पर बात कर शिकायतों के निस्तारण की जानकारी ली।

    अधिकांश शिकायतकर्ताओं ने समाधान पर संतोष जताया, जबकि लंबित मामलों में मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।

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