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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 30, 2019 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

सीआरपीएफ का जवान जब छुट्टी पर आता तो करता चोरियां, ऐसे आया पकड़ में Dehradun News

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Updated: Mon, 01 Jul 2019 11:28 AM (IST)

चोरियों का खुलासा करते हुए पुलिस ने दो शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए दो आरोपितों में एक सीआरपीएफ का जवान है और इस समय अनंतनाग में तैनात है।

सीआरपीएफ का जवान जब छुट्टी पर आता तो करता चोरियां, ऐसे आया पकड़ में Dehradun News
सीआरपीएफ का जवान जब छुट्टी पर आता तो करता चोरियां, ऐसे आया पकड़ में Dehradun News

देहरादून, जेएनएन। पंद्रह दिन के भीतर देहरादून में चार और हरिद्वार के गंगनहर कोतवाली क्षेत्र में पांच बंद घरों में हुई चोरियों का खुलासा करते हुए पुलिस ने दो शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए दो आरोपितों में एक सीआरपीएफ का जवान है और इस समय अनंतनाग में तैनात है। गिरफ्तार आरोपितों के पास से पचास हजार रुपये नकद और चोरी के एक लाख रुपये से अधिक मूल्य के गहने बरामद हुए हैं। गिरोह का एक साथी अभी फरार है। एसपी सिटी श्वेता चौबे ने बताया कि फरार आरोपित की तलाश के लिए टीम अभी मूवमेंट में है।

बीते सोलह जून को हरिद्वार के गंगनहर कोतवाली क्षेत्र में बंद घर में हुई चोरी के अगले दिन 17 जून को हर्रावाला, नेहरू कॉलोनी, क्लेमेनटाउन व 26 जून को रायपुर के सोडा सरौली में एक के एक बाद एक पांच बंद घरों में चोरियों से पुलिस के होश उड़ गए थे। जिन घरों में चोरियों हुई थीं, उनके आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों से पुलिस को एक बाइक का नंबर मिल गया। पुलिस ने इस बाइक के शहर से निकलने के रूट का पता लगाया तो बाइक आशारोड़ी चेकपोस्ट होते हुए सहारनपुर की ओर जाती दिखाई दी।

एसपी सिटी ने बताया कि फुटेज व अन्य तकनीकी सुरागों से गिरोह की पहचान हुई। बताया कि गिरोह में तीन सदस्य थे, जिनमें से अभी दो की ही गिरफ्तारी हो सकी है। गिरफ्तार आरोपितों की पहचान सुनील कुमार पुत्र राम सिंह निवासी मकान नंबर 583, सेक्टर- 16, फरीदाबाद, हरियाणा व मो.अखलाक सैफी पुत्र इस्लामुद्दीन निवासी तारापुरी, लिसाड़ी गेट रोड, मेरठ के रूप में हुई है। वहीं, संदीप स्वामी उर्फ संजू पंडित निवासी दुकान नील गली मार्केट, सराफ बाजार, घंटाघर थाना, दिल्ली गेट, मेरठ अभी फरार है। संदीप पेशे से सराफा कारोबारी है और चोरी के गहने यही खरीदता था।

सहारनपुर में प्रापर्टी डीलर के यहां हुई थी मुलाकात एसपी सिटी ने बताया कि सुनील, मो.अखलाक और संदीप की मुलाकात सहारनपुर के प्रापर्टी डीलर के यहां हुई थी। तीनों ऊंचे ख्वाब देखने वाले थे। सुनील को सीआरपीएफ से मिल रही तनख्वाह कम पड़ रही थी तो अखलाक के पास कोई काम-धंधा नहीं था। इस पर दोनों ने चोरी करने का निर्णय लिया। पहले हरिद्वार के गंगनहर थाना क्षेत्र में चोरी की वारदात को अंजाम दिया। पकड़े न जाने पर दोनों का हौसला बढ़ा और फिर देहरादून का रुख किया। सत्रह जून को तीन घरों में चोरियां करने के बाद बीते 26 जून को रायपुर के सोडा सरौली में वारदात को अंजाम दिया। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों आशारोड़ी होते हुए सहारनपुर निकल गए। मगर फुटेज में आई बाइक के नंबर ने दोनों को सलाखों तक पहुंचा दिया।

छुट्टी पर आता तो चोरी करता 

पुलिस के अनुसार सुनील कुमार अनंतनाग से बीते पांच जून को छुट्टी पर आया था। उसे 29 जून को ड्यूटी पर लौटना था, लेकिन इससे पहले वह पकड़ा गया। सुनील की गिरफ्तारी की सूचना पर पहुंचे परिवार वालों को यकीन ही नहीं हो रहा कि फौज की ठीकठाक नौकरी होने के बाद भी वह कौन से जरूरतें थीं, जिसके लिए सुनील ने अपराध का रास्ता पकड़ा।

संदीप खरीदता था आभूषण 

सुनील और अखलाक जब भी कहीं चोरी की वारदात को अंजाम देते वह सीधे मेरठ में संदीप स्वामी के पास आ जाते। वह दोनों को आभूषणों की कीमत देकर उन्हें गला देता। एसपी सिटी ने बताया कि संदीप की तलाश की जा रही है।

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