साध्वी प्राची बोलीं- कुंभ क्षेत्र को घोषित करें अमृत क्षेत्र, गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर लगाएं पूर्ण प्रतिबंध
साध्वी प्राची ने हरिद्वार कुंभ क्षेत्र को 'अमृत क्षेत्र' घोषित कर गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग की है। उन्होंने दिल्ली जैसी घट ...और पढ़ें

पत्रकारों से वार्ता करते हुए साध्वी प्राची। जागरण
HighLights
हरिद्वार कुंभ क्षेत्र को 'अमृत क्षेत्र' घोषित करने की मांग।
गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की वकालत की।
मुख्यमंत्री धामी की अवैध मजारों पर कार्रवाई की सराहना की।
जागरण संवाददाता, हरिद्वार : धर्मनगरी हरिद्वार सहित कुंभ क्षेत्र को सनातन नगरी घोषित करने की मांग जोर पकड़ने लगी है। विश्व हिंदू परिषद की अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल सदस्य साध्वी प्राची ने कहा कि देश की आस्था और सुरक्षा दोनों को लेकर अब निर्णायक कदम उठाने का समय आ गया है।
उन्होंने आशंका जताई कि कुछ समय पहले जिस प्रकार की साजिश दिल्ली में सामने आई, वैसी ही घटना हरिद्वार जैसे तीर्थनगरी में भी अंजाम दी जा सकती है। ऐसे में कुंभ क्षेत्र को ‘अमृत क्षेत्र’ घोषित कर वहां गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए।
प्रेस क्लब में आयोजित पत्रकार वार्ता में साध्वी प्राची ने कहा कि दिल्ली की घटना को अंजाम देने वाले पढ़े-लिखे लोग थे, जिनकी मंशा लाखों निर्दोष लोगों की जान लेने की थी। इसलिए सनातन धर्मावलियों के आस्था के महाकेंद्र धर्मनगरी हरिद्वार की सुरक्षा किसी भी सूरत में जोखिम में नहीं डाली जा सकती।
मुख्यमंत्री से मांग करते हुए उन्होंने कहा कि जब नियमावली में प्रावधान है, तो हरिद्वार में उसे सख्ती से लागू किया जाए और कुंभ क्षेत्र को अमृत क्षेत्र घोषित कर गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगाना चाहिए।
साध्वी प्राची ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की प्रशंसा करते हुए कहा कि वह धर्म-रक्षक की भूमिका निभा रहे हैं और धर्मध्वजा को मजबूती से से थामे हुए हैं। अवैध मदरसों, मजारों, लैंड जिहाद और शिक्षा जिहाद के विरुद्ध प्रदेश सरकार की निरंतर कार्रवाई को उन्होंने साहसिक बताया।
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साध्वी प्राची ने कहा कि कभी किसी ने नहीं सोचा था कि उत्तराखंड से अवैध मजारें हटेंगी, जबकि पूर्व में कांग्रेस नेताओं द्वारा मुस्लिम विश्वविद्यालय जैसे प्रस्ताव सामने रखे जा रहे थे, जिन्हें जनता ने सिरे से खारिज कर दिया।
साध्वी प्राची ने मांग की कि संपूर्ण हरिद्वार को कुंभ क्षेत्र मानते हुए उसे अमृत क्षेत्र घोषित किया जाए और आगामी कुंभ को दृष्टिगत रखते हुए अभी से ठोस तैयारी की जाए, ताकि कुंभ से पहले व्यवस्था प्रभावी रूप से लागू हो सके।
व्यवस्था बनाना और उसे लागू करना सरकार की जिम्मेदारी है और राज्य सरकार इस दिशा में सक्षम भी है। जनसंख्या संतुलन का मुद्दा उठाते हुए साध्वी प्राची ने कहा कि ‘बंटेंगे तो कटेंगे’ की तरह यह भी सोचना होगा कि ‘घटेंगे तो कटेंगे।’
उन्होंने बांग्लादेश का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां हिंदू एकजुट तो रहे, लेकिन संख्या घटने के कारण आज गंभीर हालात का सामना कर रहे हैं। हिंदू अब दो बच्चों से अब एक बच्चे पर आ गए हैं। उन्होंने हिंदू समाज से इस विषय पर गंभीर चिंतन मंथन की अपील की।