विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 23, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

lockdown in Uttarakhand : नैनीताल के अस्‍पताल से फरार हुए बेल्जियम और इजराइल के पर्यटक

By Skand ShuklaEdited By:
Updated: Tue, 24 Mar 2020 01:13 AM (IST)

नैनीताल के बीडी पांडे जिला अस्पताल में भर्ती बेल्जियम और इजराइल मूल के पर्यटक सोमवार को बिना बताए चले गए। जिसके बाद अस्पताल प्रबंधन और प्रशासन में खलबली मच गई।

lockdown in Uttarakhand : नैनीताल के अस्‍पताल से फरार हुए बेल्जियम और इजराइल के पर्यटक
lockdown in Uttarakhand : नैनीताल के अस्‍पताल से फरार हुए बेल्जियम और इजराइल के पर्यटक

रुद्रपुरए जेएनएन : नैनीताल के बीडी पांडे जिला अस्पताल में भर्ती बेल्जियम और इजराइल मूल के पर्यटक सोमवार को बिना बताए चले गए। जिसके बाद अस्पताल प्रबंधन और प्रशासन में खलबली मच गई। पुलिस ने सैलानियों को मल्लीताल बाजार क्षेत्र से ट्रेस कर वापस अस्पताल पहुंचाया।

बीते दिनों नैनीताल घूमने आए बेल्जियम और इजराइल के दो पर्यटक कमरा तलाश रहे थे। इस दौरान विदेशी सैलानियों को नैनीताल में रूम नहीं मिल सका। जिसके चलते वह बीडी पांडे जिला अस्पताल में स्वास्थ्य परीक्षण के लिए पहुंचे। इस दौरान अस्पताल प्रबंधन ने विदेशियों के कोरोना से संबंधित सैंपल लिए और अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में उन्‍हें भर्ती कर दिया गया। सोमवार तड़के विदेशी पर्यटकों ने छुट्टी की मांग की। जिस पर अस्पताल की ओर से सुबह 11 बजे उन्हें छोड़ने की बात कही गई। जिसके बाद एक बजे तक जब पर्यटकों को अस्पताल से छुट्टी नहीं मिली तो स्टाफ की गैरमौजूदगी में मौका देखकर पर्यटक फरार हो गए। इसकी खबर लगते ही अस्पताल में हड़कंप मच गया। अस्पताल प्रबंधन सैलानियों की खोजबीन में जुट गया।

मल्लीताल बाजार की एक दुकान से फल खरीदने पहुंचे पर्यटकों की सूचना स्थानीय लोगों ने पुलिस को दी। सूचना मिलने पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने किसी तरह समझाते हुए सैलानियों को वापस अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल के पीएमएस डॉ. केएस धामी ने बताया कि मामले की सूचना प्रशासन को दे दी गयी है। दोनों विदेशियों को क्‍वारंटाइन सेंटर मोतीनगर हल्द्वानी भेजने की तैयारी की जा रही है। हालांकि रिपोर्ट के आधार पर वह संक्रमित नहीं पाए गए हैं

यह भी पढें : जीवित रहते भी पेट की खातिर पत्थर तोडऩे पड़ते हैं... बीमारी से मर गया ताे क्‍या गम

यह भी पढें ऊधमसिंहनगर के डीएम को उत्‍तराखंड में लॉकडाउन की जानकारी ही नहीं