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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 29, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Nainital News: उत्तराखंड को मिले 100 वन दारोगा व सिपाही, एफटीआइ में ट्रेनिंग पूरी; अब करेंगे जंगलों की सुरक्षा

    By Jagran NewsEdited By: riya.pandey
    Updated: Fri, 29 Sep 2023 11:14 AM (IST)

    Uttarakhand Forest Department उत्तराखंड वन विभाग (Uttarakhand Forest Department) को शुक्रवार को 100 नए वनकर्मी मिल गए जो कि जंगलों की सुरक्षा में जुटे ...और पढ़ें

    Uttarakhand Forest Department: उत्तराखंड को मिले 100 वन दारोगा व सिपाही
    Uttarakhand Forest Department: उत्तराखंड को मिले 100 वन दारोगा व सिपाही

    HighLights

    1. उत्तराखंड को मिले 100 वन दारोगा व सिपाही
    2. एफटीआइ में तीन वन दारोगा का प्रशिक्षण पूरा
    3. हल्द्वानी के एफटीआई में होता है प्रशिक्षण

    जागरण संवाददाता, हल्द्वानी। Uttarakhand Forest Department: उत्तराखंड वन विभाग (Uttarakhand Forest Department) को शुक्रवार को 100 नए वनकर्मी मिल गए, जो कि जंगलों की सुरक्षा में जुटेंगे। इसमें 77 सिपाही और 23 दारोगा शामिल है।

    रामपुर रोड (Rampur Road) स्थित वानिकी प्रशिक्षण अकादमी (Forestry Training Academy) में छह महीने की ट्रेनिंग के बाद दीक्षा समारोह (Initiation Ceremony) का आयोजन किया गया, जिसमें बेहतर प्रदर्शन करने वालों को सम्मानित भी किया गया। वहीं, चंडीगढ़ के तीन वन दारोगा का प्रशिक्षण भी पूरा हो चुका है।

    हल्द्वानी के एफटीआई में होता है प्रशिक्षण

    हल्द्वानी के एफटीआई में रेंजर से लेकर फारेस्ट गार्ड (Forest Guard) का प्रशिक्षण होता है। रेंजर बाहरी राज्यों के होते हैं। जबकि फारेस्टर और फारेस्ट गार्ड अधिकांश उत्तरांखड वन विभाग (Uttarakhand Forest Department) के होते हैं।

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    जंगलों में घटित घटनाओं की दी जाती है ट्रेनिंग

    ट्रेनिंग के दौरान इन्हें जंगल की हर चीज के बारे में बताया जाता है। इसके अलावा दुर्गम जंगलों में भी प्रशिक्षण दिलवाया जाता है। ताकि ड्यूटी के दौरान किसी तरह की दिक्कत न आए। तस्करों की पहचान, जंगल में पदचिह्न के आधार पर वन्यजीवों के वासस्थल को चिह्नित करना और मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाओं पर नियंत्रण और जागरूकता के तरीकों से भी अवगत कराया जाता है।

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