यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 17, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
अब शादी के लिए जा रहे वाहनों का सेफ सफर ऐप में पंजीकरण अनिवार्य, वरना होगी सख्त कार्रवाई
Safe Journey App उत्तराखंड में अब शादी के लिए जाने वाले वाहनों का सेफ सफर ऐप में पंजीकरण अनिवार्य कर दिया गया है। ऐसा न करने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी ...और पढ़ें

HighLights
- एनआइसी कक्ष में आयोजित हुई सड़क सुरक्षा समिति की बैठक
- वाहन संचालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश
जागरण संवाददाता, पौड़ी। Safe Journey App: जिलाधिकारी डा. आशीष चौहान की अध्यक्षता में शनिवार को सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। इस दौरान उन्होने नशे में वाहनों का संचालन, ओवर लोडिंग पर वाहन संचालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए। बताया गया कि शादी में वाहन बुक कराने से पहले वाहनों का सेफ सफर ऐप में पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा।
कलक्ट्रेट स्थित एनआइसी कक्ष में आयोजित बैठक में जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी के लेवल पर रोड सेफ्टी को लेकर एक कमेटी का गठन करने को कहा। उन्होंने कहा कि कमेटी में ब्लॉक स्तर के उच्च अधिकारियों को भी शामिल करें।
वाहनों के ओवर लोडिंग पाए जाने पर प्रभावी कार्रवाई की जाए
जिलाधिकारी डा. चौहान ने कहा कि दुर्घटनाओं को कम करने के लिए यह कमेटी मोटर मार्गों के असुरक्षित स्थानों को चिन्हित करेगी। जिससे उन स्थानों पर समय पर सुरक्षा हेतु कार्य किये जाएंगे। उन्होंने आरटीओ, पुलिस व उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिये कि वाहनों के ओवर लोडिंग पाए जाने पर प्रभावी कार्रवाई की जाए।
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जिलाधिकारी ने कहा कि शादियों के लिए बुक हुए वाहन स्वामियों को सेफ सफर एप के माध्यम से रजिस्ट्रेशन करना अनिवार्य होगा। उन्होंने आरटीओ को निर्देश दिये कि रजिस्ट्रेशन नहीं करने वाले वाहन स्वामियों पर सख्त कार्यवाही करें। उन्होंने पटवारियों को भी सख्त निर्देश दिये कि शादी में चलने वाले वाहनों के रजिस्ट्रेशन चेक करना सुनिश्चित करें।
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बैठक में आरटीओ ने बताया कि शादियों में बुक टैक्सी-मैक्सी वाहन स्वामी सीधे सेफ सफर एप के माध्यम से रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। जबकि बसों को शादी से पूर्व आरटीओ कार्यालय से शादी के लिए अस्थाई परमिट लेना होगा और उसके बाद सेफ सफर एप के माध्यम से भी रजिस्ट्रेशन करना होगा।
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इस मौके पर संयुक्त मजिस्ट्रेट दीपक रामचंद्र सेठ, आरटीओ द्वारिका प्रसाद, अधिशासी अभियंता लोनिवि दिनेश बिजल्वाण, अधिशासी अभियंता बैजरो लोकेश कुमार, आपदा प्रबंधन अधिकारी दीपेश काला आदि मौजूद रहे।
नगरवासियों को आंतरिक सड़कों के गड्ढों से मिली निजात
नई टिहरी: नई टिहरी शहरी की आंतरिक सड़कों के गड्ढों से जल्द नगरवासियों को निजात मिल पाएगी। नगर की आंतरिक सड़कों पर पैच अप का कार्य अंतिम चरण में है और करीब पाचं किमी सड़क एक सप्ताह बाद सड़कें गड्ढा मुक्त हो जाएंगी।
नई टिहरी शहर में आंतरिक सड़कों की दूरी करीब 26 किमी है इसमें से 18 किमी सड़कें नगरपालिका के पास है और शेष भाग लोनिवि के पास है। मास्टर प्लान से बने नई टिहरी में भी आंतरिक सड़कों की हालत लंबे समय से खराब स्थिति में थी। वर्षों से लोग सड़कों के गड्ढों से जूझ रहे थे।
खासकर दुपहिया वाहन चालक कई बार इस गड्ढों पर रपट कर चोटिल हो चुके हैं। नागरिक मंच, कांग्रेस व स्थानीय निवासियों ने कई बार आंतरिक सड़कों को सुधारने की मांग की। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इसके लिए बाकायदा सड़कों पर उतर कर गड्ढों को मिट्टी से भरने का काम किया।
वर्षों बाद शहर की आंतरिक सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के लिए पैच अप कार्य शुरू किया गया जो अंतिम दौर में है। इससे नगरवासियों को काफी राहत मिली है। वर्षों से गड्ढों की समस्या से जूझ रहे नगरवासियों को अब इससे निजात मिल पाई है। नगरपालिका के ईओ संजय कुमार ने बताया कि पैच अप का कार्य अंतिम चरण में है जल्द की शेष कार्य पूरा किया जाएगा।