यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 01, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Kedarnath Dham पैदल मार्ग में दो जगह फटा बादल, कई पुलिया बही; दिखा 2013 की आपदा जैसा मंजर, इधर-उधर भागे यात्री
Cloudburst in Kedarnath Walkway बुधवार को केदारनाथ में हुई बारिश ने 2013 में आई आपदा के जख्म ताजा कर दिए। यहां पैदल मार्ग पर दो जगह बादल फटने से तबाह ...और पढ़ें

HighLights
- छानी, भीमबली, लिनचोली समेत कई स्थानों पर पैदल मार्ग बहा
- गौरीकुंड व सोनप्रयाग में मंदाकिनी नदी का जलस्तर बढ़ने से अफरा तफरी का माहौल
संवाद सहयोगी जागरण, रुद्रप्रयाग। Cloudburst in Kedarnath Walkway: केदारघाटी में तेज बारिश होने से रात्रि को लिनचोली, भीमबली के बीच दो स्थानों पर बादल फटने से भारी भूस्खलन हो गया। जिससे पैदल मार्ग पर बनी दो पुलिया के बहने समेत कई स्थानों पर पैदल मार्ग क्षतिग्रस्त हो गया है। इस घटना ने एक बार लोगों में दिल 2013 में केदारनाथ में आई आपदा के जख्म गहरे कर दिए।
वहीं बादल फटने व भूस्खलन होने से मंदाकिनी नदी का जलस्तर भी काफी बढ़ गया, जिससे गौरीकुंड व सोनप्रयाग में अफरा तफरी का माहौल बन गया, सोनप्रयाग पार्किंग व गौरीकुंड में तप्त कुंड से सभी लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। लोग इधर-उधर भागते दिखे।
तेज बारिश ने डराया
केदारघाटी में बुधवार को देर शाम बारिश शुरु हो गई थी, जो देर रात्रि तक चलती रही। वहीं रात्रि को लगभग नौ बजे से लेकर साढ़े नौ बजे के बीच तेज बारिश के चलते लिनचोली, जलंगलचट्टी, भीमबली के आस पास दो स्थानों पर बादल फटने की सूचना है, जिसमें इन स्थानों पर पहाड़ी से भारी भूस्खलन भी हुआ और मंदाकिनी नदी का जलस्तर बढ़ गया।
भूस्खलन होने से पैदल मार्ग पर छेनी व लिनचोली के पास दो पुलिया के बहने की सूचना है। जबकि पैदल मार्ग भी कई स्थानों पर भूस्खलन से भारी नुकसान पहुंचा है। यह भी बताया जा रहा है कि पैदल मार्ग का बड़ा हिस्सा ध्वस्त हो गया है। इस बीच गौरीकुंड से लेकर केदारनाथ धाम में विद्युत व संचार सेवा भी पूरी तरह ध्वस्त हो गई।
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संचार सेवा न होने से गौरीकुंड व केदारनाथ धाम में देर रात तक कोई संपर्क नहीं हो रहा है। जिससे स्पष्ट जानकारी भी नहीं मिल पाई है।
यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया
वहीं मंदाकिनी नदी का जलस्तर बढ़ने से गौरीकुंड व सोनप्रयाग में अफरा तफरी का माहौल पैदा हो गया। गौरीकुंड, तप्तकुंड व मंदाकिनी नदी किनारे से भी यात्रियों को पुलिस ने सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। वहीं सोनप्रयाग में भी मंदाकिनी नदी का जलस्तर बढ़ने से पार्किग से सभी वाहनों को हटाया गया। हालांकि एक घंटे बाद नदी का जलस्तर में कमी आने से सभी ने राहत की सांस ली।
वहीं इस घटना में किसी तरह की जनहानि की कोई सूचना नहीं है। यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर रोका दिया गया है। पुलिस और प्रशासन ने भीमबली में दौ सौ से अधिक यात्रियों को रोका गया है।
केदारनाथ पैदल मार्ग में भारी बारिश हो रही है। भीमबली-जंगलचट्टी, लिनचोली के बीच भूस्खलन की सूचना मिली है। किसी भी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं है। पैदल मार्ग को भूस्खलन से नुकसान की जानकारी मिली है। मंदाकिनी नदी का जलस्तर बढ़ने से गौरीकुंड व सोनप्रयाग में मंदाकिनी नदी किनारे से सभी यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया।
- विशाखा अशोक भदाणे, पुलिस अधीक्षक