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कोलकाता के चोरबगान दुर्गापूजा पंडाल में भगदड़, 17 लोगों की मौत; 25 लोग घायल

Published: Sat, 17 Oct 2026 09:27 PM (IST)Updated: Sat, 17 Oct 2026 11:58 PM (IST)

कोलकाता के चोरबागान सार्वजनिन दुर्गापूजा पंडाल में सप्तमी की शाम भारी भीड़ के कारण भगदड़ में 17 लोगों की मौत हो गई।

कोलकाता के चोरबगान दुर्गापूजा पंडाल में भगदड़

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राज्य ब्यूरो, कोलकाता। कोलकाता के चोरबागान सार्वजनिन दुर्गापूजा के पंडाल में शनिवार को सप्तमी की शाम उमड़ी भारी भीड़ से मची भगदड़ में कम से कम 17 लोगों की मौत हो गई और करीब 25 लोग घायल हुए हैं, जिन्हें मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया है। घायलों में कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है। मृतकों की संख्या बढ़ सकती है।

घटना के समय बाहर तेज बारिश हो रही थी। बारिश के बीच पंडाल में दर्शनार्थियों की भीड़ बढ़ने से स्थिति बिगड़ गई। बताया जा रहा है कि पंडाल का ढांचा टूटने के कारण भी यह हादसा हुआ हो सकता है। घटना के बाद पूजा पंडाल की रोशनी बंद कर दी गई और बाहर निकलने के रास्ते भी बंद कर दिए गए। बताया जा रहा है कि कुचलने से लोगों की मौत हो गई।

पूजा के आयोजक विकास दास ने कहा कि अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि हादसा कैसे हुआ। उनकी प्राथमिकता घायलों को अस्पताल पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि भीड़ के दबाव में लोग कुचल गए या किसी अन्य कारण से यह स्थिति बनी, यह अभी साफ नहीं है। घटनास्थल पर पुलिस और दमकलकर्मियों के पहुंचने की बात भी उन्होंने कही। घटना की जानकारी मिलने के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी अस्पताल पहुंचे हैं। मुख्यमंत्री ने घटनास्थल का भी दौरा किया।

पूजा आयोजकों को थाने में किया गया तलब

दूसरी तरफ पूजा आयोजकों को थाने में तलब किया गया है। इस बीच बंगाल सरकार ने एक टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर जारी किया है। दुर्घटना से जुड़ी किसी भी प्रकार की जानकारी या सहायता प्राप्त करने के लिए लोग 18003455678 नंबर पर संपर्क कर सकते हैं।

गौरतलब है कि चोरबगान सार्वजनिन दुर्गोत्सव समिति ने इस वर्ष अपने पूजा पंडाल की थीम ‘आर्ब’ रखी है, जिसका अंग्रेजी भावार्थ ‘ध्वनि से परे’ है। इस अवधारणा के जरिए ध्वनि की परिचित सीमाओं से आगे बढ़कर मौन की गहराई को दर्शाने का प्रयास किया गया है। पंडाल को 360 डिग्री की अवधारणा के आधार पर तैयार किया गया है।

 

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