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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 11, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    चीन में कोरोना के रिकॉर्ड मामले आए सामने, कहीं अन्‍य देशों के लिए खतरे की घंटी तो नहीं?

    By Jagran NewsEdited By: Tilakraj
    Updated: Fri, 11 Nov 2022 09:52 AM (IST)

    चीन में कोरोना वायरस संक्रमण के बढ़ते मामले अन्‍य देशों की भी चिंता बढ़ा रहे हैं। गुरुवार को देशभर में 10 हजार से ज्‍यादा कोविड-19 केस दर्ज किए गए। ऐस ...और पढ़ें

    चीन में एक बार फिर कोरोना वायरस संक्रमण के बढ़ रहे केस
    चीन में एक बार फिर कोरोना वायरस संक्रमण के बढ़ रहे केस

    बीजिंग, रायटर। चीन में तेजी से बढ़ते कोरोना वायरस संक्रमण (Coronavirus in China) के मामले चिंता का विषय है। चीन में शुक्रवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 10 हजार 535 नए मामले दर्ज किए गए। ये इस साल शंघाई के लगाए गए लॉकडाउन के दौरान दर्ज किए गए मामलों के बाद सामने आए सबसे ज्‍यादा केस हैं। सबसे ज्‍यादा केस बीजिंग और झेंगझोऊ में देखने को मिल रहे हैं। देश के वाणिज्यिक केंद्र शंघाई में 29 अप्रैल को रिकॉर्ड मामले दर्ज किए गए थे। इसके बाद शंघाई के लॉकडाउन लगा दिया गया और लाखों लोग घरों में कैद रहने को मजबूर हो गए थे।

    कोरोना पर काबू पाने के लिए चीन अपना रहा पुरानी नीति

    चीन में मौजूदा कोरोना वायरस संक्रमण की लहर पर काबू पाने के लिए कई कड़े कदम उठाए हैं। कोविड-19 की शुरुआत से यह देखने को मिला है कि पहले चीन में कोरोना के कसे बढ़ते हैं और फिर अन्‍य देशों में भी मामले बढ़ने लगते हैं। ऐसे में अन्‍य देशों को भी सतर्क रहने की जरूरत है। हालांकि, अंतरराष्‍ट्रीय मानकों के अनुसार, 1 अरब 40 करोड़ की जनसंख्‍या वाले देश चीन में कोविड-19 के एक दिन में 10 हजार मामले सामने आना चिंता का विषय नहीं है। हालांकि, चीन कोरोना के मामले आए इस उछाल के बाद वायरस के प्रति अपनी शून्य-सहिष्णुता रणनीति पर फिर से काम करने का विचार कर रहा है।

    चीन के कोरोना का एपिक सेंटर दक्षिणी शहर ग्‍वांग्‍झू

    चीन के राष्‍ट्रपति शी चिनफिंग वायरस के प्रति शून्‍य-सहिष्‍णुता नीति को लोगों की जान बचाने (खासतौर पर बुजुर्गों) के लिए बेहद जरूरी माना है। इस समय चीन में कोरोना का एपिक सेंटर दक्षिणी शहर ग्‍वांग्‍झू बना हुआ है, जहां 10 नवंबर को 2 हजार 824 नए मामले दर्ज किए गए। पिछले 4 दिनों से इस शहर में प्रतिदिन 2000 से ज्‍यादा कोरोना वायरस संक्रमण के मामले सामने आ रहे हैं। संक्रमण के ज्‍यादातर मामले घनी आबादी वाले जिले हाइज़ू में मिल रहे हैं, जहां स्थिति पर काबू पाने के लिए रविवार को लॉकडाउन लगा दिया गया। जिला प्रशासन ने एक बयान में कहा, 'सभी निवासियों को घर पर रहना आवश्यक है। प्रत्येक घर में केवल एक व्यक्ति को दैनिक ज़रूरतों का सामान ख़रीदने की अनुमति है।'

    चीन के COVID-19 नियमों में नहीं दी जाएगी ढील

    स्‍थानीय प्रशासन के मुताबिक, 18 लाख लोगों की आबादी वाले हाइज़ू जिले में सार्वजनिक परिवहन को भी निलंबित कर दिया गया है। यहां पीसीआर परीक्षण "हर घर और हर व्यक्ति" के लिए अनिवार्य कर दिया गया है। इस बीच चीन के राष्‍ट्रीय स्‍वास्‍थ्‍य प्रााधिकरण के एक बयान के मुताबिक, चीन अपने COVID-19 नियमों में ढील नहीं देगा, लेकिन बदलती महामारी की स्थिति और वायरस के उत्परिवर्तन के अनुसार उनमें सुधार करता रहेगा।

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    बता दें कि चीन के लोगों के लिए ये सप्‍ताह बेहद महत्‍वपूर्ण रहने वाला है। दक्षिणी शहर ग्‍वांग्‍झू के अलावा अन्य प्रमुख शहरों जैसे बीजिंग, झेंगझोऊ और चोंगकिंग ने इस सप्ताह नियमों को कड़ा कर दिया है, क्योंकि दैनिक मामलों ने सर्वाधिक वृद्धि देखने को मिल रही है। मध्य हेनान प्रांत की राजधानी झेंगझोऊ ने 2,988 नए स्थानीय मामलों की सूचना मिली, जो एक दिन पहले से दोगुने से अधिक हैं।

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