यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 29, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Pakistan: तोशाखाना मामले में इमरान खान और उनकी पत्नी के खिलाफ मुकदमा चलाने की तारीख तय, अगले साल होने हैं चुनाव
पाकिस्तान में अगले साल चुनाव होने हैं वहीं इस्लामाबाद की एक अदालत ने तोशाखाना मामले में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान और उनकी पत्नी बुशरा बीबी के खिल ...और पढ़ें

एएनआई, इस्लामाबाद। पाकिस्तान में अगले साल चुनाव होने हैं, वहीं इस्लामाबाद की एक अदालत ने तोशाखाना मामले में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान और उनकी पत्नी बुशरा बीबी के खिलाफ अभियोग चलाने की तारीख तय कर दी है। अदायाला जेल में न्यायाधीश मुहम्मद बशीर की अध्यक्षता वाली अदालत ने चार जनवरी के लिए अभियोग निर्धारित किया है।
सरकार के उपहार बेचने का दोषी पाए गए हैं इमरान खान
क्रिकेटर से नेता बने क्रिकेटर को 2018-22 के प्रधानमंत्री के कार्यकाल के दौरान सरकार के उपहार बेचने का दोषी पाए जाने के बाद 5 अगस्त को तीन साल के लिए जेल भेज दिया गया था, जिन आरोपों से वह इनकार करते हैं। एआरवाई न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, सुनवाई के दौरान आरोपियों को संदर्भ और प्रासंगिक जानकारी की प्रतियां प्रदान की गईं।
इससे पहले 23 दिसंबर को नेशनल अकाउंटेबिलिटी ब्यूरो (एनएबी) तोशाखाना मामले में इमरान खान और बुशरा बीबी को समन भेजा गया था। जवाबदेही अदालत ने एनएबी द्वारा दायर संदर्भ को स्वीकार कर लिया, जिसमें दावा किया गया था कि आरोपी ने तोशाखाना से 108 वस्तुएं प्राप्त की थीं और उनमें से 58 को अपने पास रख लिया था।
यह भी पढ़ें- तोशाखाना मामले में सुप्रीम कोर्ट पहुंचे इमरान खान, इस्लामाबाद हाई कोर्ट के आदेश के खिलाफ की अपील
चुनाव के लिए अयोग्य किया है घोषित
पिछले महीने चुनाव आयोग द्वारा पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के संस्थापक इमरान खान को झूठे बयान और गलत घोषणाएं करने के लिए अयोग्य ठहराए जाने के बाद तोशखाना मुद्दा पाकिस्तान की राजनीति में विवाद का एक महत्वपूर्ण मुद्दा बनकर उभरा। फैसले में कहा गया कि पूर्व प्रधानमंत्री भ्रष्ट आचरण में लिप्त थे, जिसके कारण उन्हें संविधान के अनुच्छेद 63, 1 (पी) के तहत अयोग्य ठहराया गया। इसके बाद इमरान ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।
खबरें और भी
जियो न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, इमरान खान ने शीर्ष अदालत से उन पर लगे प्रतिबंध को हटाने की अपील की है, जो उनके लिए आगामी आम चुनाव लड़ने का रास्ता खोल सकता है। बता दें कि इमरान पर पांच साल तक किसी भी सरकारी पद पर रहने के लिए "अयोग्य" ठहराया गया है।