यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 25, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
मंत्रियों की परफार्मेंस पर रहेगी मुख्यमंत्री की नजर
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने शपथ ग्रहण के छह दिन बाद मंत्रियों में विभाग बांटे। उन्होंने साफ कर दिया कि उनकी नजरें मंत्रियों की परफार्मेंस पर ...और पढ़ें

देहरादून, [राज्य ब्यूरो]: मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत ने अपनी टीम के सहयोगियों में जिस सधे अंदाज में काम का बंटवारा किया, उसने साफ कर दिया कि उनकी नजरें मंत्रियों की परफार्मेंस पर भी टिकी रहेगी। कई मंत्री मनमाफिक विभाग मिलने की उम्मीद लगाए थे, लेकिन ऐसा हुआ नहीं।
हालांकि स्वयं को मिले मंत्रालयों को लेकर सार्वजनिक तौर पर किसी भी तरह की टिप्पणियों से मंत्रियों ने गुरेज ही किया। स्वयं मुख्यमंत्री ने कहा कि मंत्रियों के कामकाज का आंकलन किया जाएगा और भविष्य में उन्हें अतिरिक्त जिम्मेदारी दी जा सकती है।
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने शपथ ग्रहण के छह दिन बाद मंत्रियों में विभाग बांटे। हालांकि वरिष्ठता के मुताबिक सभी मंत्रियों के बीच पोर्टफोलियो आवंटन में संतुलन बिठाने की कोशिश की गई मगर फिर भी कुछ मंत्री मनमाफिक महकमे न मिलने से कुछ मायूस नजर आए। हालांकि सार्वजनिक रूप से तो उन्होंने स्वयं को मिले विभागों पर संतोष ही जताया मगर ऑफ दि रिकार्ड स्वीकार किया कि उन्हें कुछ अतिरिक्त महकमे मिलने की उम्मीद थी। मंत्रालय बंटने के बाद पहले दिन शुक्रवार को सभी मंत्री विधानसभा स्थित कार्यालय कक्षों में विभागीय बैठकों में व्यस्त दिखे।
उधर, मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह ने कहा कि अभी उनके जिम्मे कुछ मंत्रालयों में से कई मंत्रिमंडल में रिक्त दो पदों पर आने वाले मंत्रियों को दिए जा सकते हैं। इसके अलावा उन्होंने कहा कि अगर कोई मंत्री अपने कामकाज में बहुत बेहतरीन प्रदर्शन करता है तो उसे भी अतिरिक्त जिम्मेदारी दी जा सकती है। उन्होंने विभागों के बंटवारे के मामले में स्वयं पर किसी भी तरह के दबाव की बात को सिरे से खारिज किया।