यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 04, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
सुरक्षा-कवचः परमाणु मिसाइल हमले में भी सुरक्षित रहेगी दिल्ली
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की सुरक्षा को लेकर भारत सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। अब बीजिंग और वाशिंगटन की तरह दिल्ली की सुरक्षा भी परमाणु मिसाइल से की जाएगी। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र की सुरक्षा को लेकर दो लंबी दूरी की मारक क्षमता वाले मिसाइल को रडार पर तैनात किया

नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की सुरक्षा को लेकर भारत सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। अब बीजिंग और वाशिंगटन की तरह दिल्ली की सुरक्षा भी परमाणु मिसाइल से की जाएगी। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र की सुरक्षा को लेकर दो लंबी दूरी की मारक क्षमता वाले मिसाइल को रडार पर तैनात किया गया है।
एक अंग्रेजी अखबार में छपी खबर के मुताबिक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने बताया कि मिसाइल की मारक क्षमता पांच हजार किलोमीटर होगी। उन्होंने बताया कि भारत के दूसरे बड़े शहरों को भी मिसाइल सुरक्षा देने की तैयारी चल रही है। मिसाइल सुरक्षा कवच पाने वाला अगला शहर मुंबई होगा।
बता दें कि पूरी दुनिया में अब तक कुछ ही ऐसे शहर हैं जिनकी सुरक्षा में मिसाइल सुरक्षा कवच तैनात किये गए हैं। ये शहर हैं वाशिंगटन, बीजिंग, पैरिस, लंदन और तल अवीव ।
वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक भारत का मिसाइल कवच कार्यक्रम पिछले दो सालों से नीचे आ गया था। इसकी शुरूआत वर्ष 2006 में हुई थी और 2009-12 तक में कई प्रयोग किये गए। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम के लिए वर्ष 2013 और 2014 का खामोशी भरा रहा। जबकि अप्रैल 2014 में एक प्रयोग असफल रहा था।
अधिकारी ने बताया कि पिछले वर्ष मई में मोदी सरकार के सत्ता में आने के बाद मिसाइल कवच कार्यक्रम को तुरंत तैयार करने का आदेश दिया गया था। इजराइली सहायता से विकसित किये गए लंबी दूरी के स्वोर्डफिश रडार 800 किलोमीटर दूर से आ रहे मिसाइल को खोजने में सक्षम हैं। उन्होंने बताया कि यह पहला बड़ा कदम है जब भारत 2016 तक मिसाइल इंटरसेप्टर यूनिट को ढूंढ़ने लगेगा।
अधिकारी ने बताया कि मिसालइ कवच प्रणाली अपने पहले चरण में एक साल में दर्जनों मिसाइल तैयार करेगी। भारत के मिसाइल रक्षा प्रणाली में लंबी और कम दूरी की मारक क्षमता वाले दोनों इंटरसेप्टर इस्तेमाल किये जाते हैं। उनके मुताबिक भारत कम दूरी वाले मिसाइल बनाने में काफी दक्ष है। अधिक दूरी वाले मिसाइल बनाने के लिए हमें और भी प्रयोग करने की आवश्यकता है।
अधिकारी ने बताया कि मोदी सरकार ने साफ कर दिया है कि भारत के पड़ोसियों में परमाणु हथियारों की संख्या बढ़ रही है। वहीं भारत की मिसाइल रक्षा प्रणाली में कमी है और वो हमारी सुरक्षा में भी चूक है। मिसाइल कवच कार्यक्रम भारत के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। एक जानकार ने बताया कि भारत परमाणु हथियारों के संबंध में पहले इस्तेमाल नहीं करने की नीति पर कायम है जबकि पाकिस्तान इसे नहीं मानता है।

