विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 12, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

दरगाह के अंदर पहुंची तृप्ति मजार तक नहीं जा पाईं

By Sachin BajpaiEdited By:
Published: Thu, 12 May 2016 06:30 PM (GMT+05:30)Updated: Thu, 12 May 2016 06:44 PM (GMT+05:30)

भूमाता ब्रिगेड की अध्यक्ष तृप्ति देसाई आज सुबह पुलिस संरक्षण में हाजी अली दरगाह के अंदर तो गईं, लेकिन पीर ...और पढ़ें

News Article Hero Image

मुंबई, राज्य ब्यूरो । भूमाता ब्रिगेड की अध्यक्ष तृप्ति देसाई आज सुबह पुलिस संरक्षण में हाजी अली दरगाह के अंदर तो गईं, लेकिन पीर हाजी अली शाह बुखारी की मजार तक वह आज भी नहीं पहुंच सकीं। दूर से पीर हाजी अली शाह बुखारी की मजार के दर्शन करने के बाद तृप्ति देसाई ने प्रेस को बताया कि आज पुलिस ने उन्हें सहयोग किया और वे दरगाह में उस स्थान तक जा सकीं, जहां तक महिलाओं को जाने की अनुमति है।

जानिए, कौन है तृप्ति देसाई और क्या है हाजी अली का मामला

यदि 15 दिनों के अंदर उन्हें मजार तक जाने की अनुमति हाजी अली ट्रस्ट द्वारा न दी गई तो वे महिलाओं को बराबरी का अधिकार देने के लिए आंदोलन करेंगी। तृप्ति देसाई 28 अप्रैल की शाम को भी मजार के अंदर जाने के लिए निकली थीं, लेकिन तनावपूर्ण माहौल एवं तगड़े विरोध के कारण वह दरगाह के अंदर नहीं जा सकीं। रात आठ बजे दरगाह बंद होने के बाद वह विरोध जताने मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस के सरकारी आवास पर जा पहुंची थीं।
आज सुबह वह पुलिस के साथ दरगाह में दर्शन के लिए पहुंचीं। लेकिन बिना कोई जिद किए वह वहीं तक गईं, जहां तक महिलाओं को जाने की अनुमति है। बता दें कि 2011 तक सभी महिलाओं को दरगाह के अंदर मजार तक जाने की अनुमति थी। हाजी अली ट्रस्ट ने उसके बाद दरगाह में एक सीमा के बाद महिलाओं के प्रवेश पर रोक लगा दी है। तृप्ति देसाई इन दिनों हाजी अली फॉर ऑल फोरम का गठन कर उसमें महिलाओं को प्रवेश दिलाने का आंदोलन चला रही हैं। इससे पहले वह शनि शिंगणापुर मंदिर के चबूतरे तक एवं त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग के गर्भगृह तक जाने में सफल रही हैं। लेकिन महालक्ष्मी मंदिर में महिलाओं के लिए निर्धारित वस्त्र में न होने के कारण वह गर्भगृह में प्रवेश नहीं कर पाई थीं।

आज दरगाह में उनके दर्शन के बाद एमआईएम के नेता हाजी रफत हुसैन ने कहा कि तृप्ति देसाई ने दरगाह में जाकर दर्शन किए, इसकी हमें खुशी है। लेकिन वह दरगाह के अंदरूनी हिस्से तक कभी नहीं जा सकेंगी। हमें और खुशी होती, जब वह पुलिस को साथ लिए बिना सामान्य श्रद्धालुओं की तरह दरगाह में दर्शन के लिए जातीं।

हाजी अली दरगाह में एंट्री को महिलाओं ने लगाया जोर, कड़ी सुरक्षा

देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।