यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 12, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
निर्भया कांड के दो दोषियों ने CJI को लिखा पत्र, अमीकस क्यूरी बदलने को कहा
निर्भया मामले के दाेे दोषियों ने सुप्रीम कोर्ट से राजू रामचंद्रन और संजय हेगड़े को अमीकस क्यूरी नियुक्त न करने की गुहार लगाई है। निचली अदालत ने इन्हें मौत की सजा सुनाई है।

नई दिल्ली (एएनआई)। वर्ष 2012 में दिल्ली में हुए निर्भया कांड के दो दोषियों ने चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया और जस्टिस दीपक मिश्रा को एक पत्र लिखकर राजू रामचंद्रन और संजय हेगड़े को अमीकस क्यूरी नियुक्त न करने की गुहार लगाई है। इन दोनों दोषियों का कहना है कि यह दोनों वकील टीवी पर हुई डिबेट में उनके खिलाफ बोलते रहे हैं, लिहाजा मामले की सुनवाई के दौरान वह उनका पक्ष नहीं रख सकेंगे।
गौरतलब है कि 16 दिसंबर 2012 में दिल्ली की सड़क पर चलती बस में हुए रेप के आरोप में निचली अदालत ने सभी आरोपियों को दोषी ठहराते हुए मौत की सजा सुनाई थी। जबकि एक ने जेल में ही आत्महत्या कर ली थी। वहीं एक अन्य को नाबालिग मानते हुए बाल सुधार गृह भेज दिया गया था। अपना फैसला सुनाते हुए कोर्ट ने इस मामले को रेयररेस्ट ऑफ रेयर माना था। कोर्ट का कहना था कि दोषियों ने जिस तरह से युवती के साथ दरिंदगी दिखाई वह किसी भी तरह से बर्दाश्त नहीं की जा सकती है। निचली अदालत के इस फैसले पर हाईकोर्ट नेे भी मुहर लगा दी थी। अब यह मामला सुप्रीम कोर्ट में है, जहां कोर्ट ने सभी दोषियों की फांसी की सजा पर फिलहाल रोक लगा रखी है।

