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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 17, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

वाइको ने भाजपा पर लगाया संस्कृत थोपने का आरोप

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Updated: Thu, 17 Jul 2014 04:13 PM (IST)

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के सर्कुलर पर बरसते हुए भाजपा के सहयोगी दल एमडीएमके ने उस पर संस्कृत थोपने का आरोप लगाया है। सीबीएसई के सर्कु ...और पढ़ें

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चेन्नई। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के सर्कुलर पर बरसते हुए भाजपा के सहयोगी दल एमडीएमके ने उस पर संस्कृत थोपने का आरोप लगाया है। सीबीएसई के सर्कुलर में संबद्ध स्कूलों से प्रयोग के तौर पर संस्कृत सप्ताह मनाने को कहा गया है। एमडीएमके ने इस सर्कुलर को वापस लेने की मांग की है।

एमडीएमके के महासचिव वाइको ने एक बयान में कहा, 'सीबीएसई का सर्कुलर भारत के अनेकवाद पर हमला है। यह दुखद है कि केंद्र सरकार सीबीएसई के माध्यम से संस्कृत थोपने का प्रयास कर रही है। सीबीएसई के निर्देश में संस्कृत को सभी भाषाओं की माता कहा गया है। यह भाषा और संस्कृति समेत अन्य मामलों में विविध पृष्ठभूमि वाले छात्रों के हृदय में जहरीले बीज बोने का षड्यंत्र है। किसी विशेष वर्ग के लोगों की संस्कृति को दूसरे पर थोपने का प्रयास करना खतरनाक है।' उन्होंने कहा कि तमिलनाडु किसी विशेष वर्ग के लोगों की भाषा और संस्कृति को अपने ऊपर थोपने की अनुमति नहीं देगा। राज्य ने संस्कृत के प्रभाव से तमिल को पुनर्जीवित करने के लिए संघर्ष किया है और इसमें सफलता पाई है।

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