यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 07, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
अमेरिका में इस वर्ष आए वो बड़े तूफान जिन्होंने मचाई भीषण तबाही
अमेरिका में मैथ्यू तूफान से पहले भी इस वर्ष कई भीषण तूफान आए हैं। जानें कब-कब यहां अाए ऐसे तूफान।

नई दिल्ली (जेएनएन)। अमेरिका में 'मैथ्यू' तूफान की आशंका के चलते फ्लाेरिडा में इमरजेंसी लगा दी गई है। अकेले हैती में ही इस तूफान से अब तक 339 लोगों की मौत हाेे चुकी है। हालांकि यह पहला मौका नहीं है जब यहांं पर इस तरह तूफान आया है। इससे पहले भी अमेरिका को इस तरह के तूफान का सामना करना पड़ा है। हाल ही में यहां हरमाइन तूफान आया था, जिसमें लाखों घरों की बिजली गुल हो गई थी और कई जगहाें पर भीषण बाढ़ आ गई थी। जानें, इस वर्ष अमेरिका में कब-कब आए तूफान:-
जनवरी 2016
अमेरिका में बर्फीलेे तूफान स्नोजिलासे विभिन्न राज्यों में करीब दो दर्जन से अधिक लोगों की मौत हो गई थी। अमेरिका के वाशिंगटन डीसी के अलावा उत्तरी कैरोलाइना, टेनेसी, मैरीलैंड, वर्जीनिया, फिलाडेल्फिया, न्यू जर्सी और न्यूयॉर्क इस तूफान में जबरदस्त तरीके से प्रभावित हुए थे। इसके कारण 1.2 लाख से ज्यादा घरों से बिजली चली गई और कई क्षेत्रों में 15 से 25 इंच मोटी बर्फ की चादर बिछ गई थी। इस तूफान की वजह से करीब 10 राज्यों में इमरजेंसी तक लगानी पड़ी थी। न्यूयॉर्क सिटी जैसे शहरों ने कारों के आवागमन पर प्रतिबंध लगा दिया है और मेट्रो सेवाओं को रोक दिया गया है। तूफान की वजह से करीब 7600 उड़ानों को भी रद्द कर दिया गया था।

मार्च 2016
अमेरिका के मध्य पश्चिमी तट पर आए बर्फीले तूफान से कोलोराडो प्रांत सबसे ज्यादा प्रभावित रहा। इसकी वजह से डेनवर हवाई अड्डे को बंद करना पड़ा। साथ ही मौसम संबंधी दुर्घटनाओं में दो लोगों की मौत हो गई।
अधिकारियों ने बताया कि विसकोंसिन में बर्फ की 30 सेंटीमीटर तक की चादर जम गई थी।
अगस्त 2016
उष्णकटिबंधीय तूफान अर्ल के कारण मैक्सिकों में करीब 50 लोगों की मौत हो गई थी। इस दौरान कई जगहों पर भीषण भूस्खलन हुआ था जिसमें कई घर ध्सस्त हो गए थे। यह तूफान कैरेबियन सागर से उठा था।
सितंबर 2016
अमेरिका में आए हरमाइन तूफान से वहां करीब 3 लाख घरों और व्यावसायिक जगहों में बिजली की सेवा ठप हो गई है। इस दौरान भारी बारिश से निचले क्षेत्र के लोगों का जीवन बाढ़ आ गई जिसके कारण लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा था। इसकी वजह से यहां जीका वायरस फैलने की आशंका भी जताई जा रही थी। इसकी वजह से करीब दस लोगों की मौत हो गई थी। फ्लोरिडा में हरमाइन तूफान से 11 वर्षों के दौरान पहली बार इतनी भारी बारिश हुई थी। इस दौरान तूफान की स्पीड लगभग 130 किलोमीटर प्रतिघंटे की रही।

