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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 23, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

अमिताभ-मुलायम की जंग : कोर्ट ने खारिज की पुलिस की फाइनल रिपोर्ट

By Dharmendra PandeyEdited By:
Updated: Tue, 23 Aug 2016 05:48 PM (IST)

अमिताभ ठाकुर ने लखनऊ की हजरतगंज कोतवाली में समाजवादी पार्टी के मुखिया के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। इस मामले में पुलिस ने फाइनल रिपोर्ट लगाने के बाद केस बंद कर दिया था।

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लखनऊ (जेएनएन)। आइपीएस अधिकारी अमिताभ ठाकुर तथा समाजवादी पार्टी के मुखिया के बीच चल रही जंग में अब नए सिरे से जांच होगी। लखनऊ में सीजेएम कोर्ट ने इस मामले में पुलिस की फाइनल रिपोर्ट को खारिज कर दिया है। इसके साथ ही अमिताभ ठाकुर के सपा मुखिया के खिलाफ दर्ज कराए गए मामले की फिर से जांच का आदेश भी दिया है।

अमिताभ ठाकुर ने लखनऊ की हजरतगंज कोतवाली में समाजवादी पार्टी के मुखिया के खिलाफ मामला दर्ज कराया था।

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इस मामले में पुलिस ने फाइनल रिपोर्ट लगाने के बाद केस बंद कर दिया था। सीजेएम कोर्ट ने इस मामले में पुलिस को फटकार लगाने के साथ ही पुलिस की इस मामले में फाइनल रिपोर्ट को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने लखनऊ पुलिस को इस प्रकरण की नये सिरे से जांच करने का आदेश भी दिया है।

मुकदमा दर्ज होने के बाद अमिताभ ठाकुर के खिलाफ सतर्कता जांच शुरू

आज इस मामले में अग्रिम विवेचना और आवाज के मिलान के वैज्ञानिक परिक्षण का आदेश दे दिया गया है। इस आदेश को आईपीएस अमिताभ ठाकुर ने अपनी फेसबुक पर पोस्ट किया है।

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आदेश के मुताबिक सीजेएम लखनऊ कोर्ट ने मुलायम सिंह फोन धमकी मामले में अग्रिम विवेचना के आदेश दिए हैं और वादी अर्थात मेरे और अभियुक्त मुलायम सिंह यादव के आवाज के मिलान के लिए एक बार वैज्ञानिक परीक्षण के लिए कहा है।

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इससे पहले स्थानीय पुलिस ने यह कहते हुए इस मामले में अंतिम रिपोर्ट लगा दिया था कि कोई अपराध नहीं बनता है।