यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 24, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Car Tips: अगर मिले ये संकेत तो समझ जाएं आ गई है गाड़ी के फ्यूल इंजेक्शन सिस्टम में खराबी
अक्सर लोग अपनी गाड़ी के साथ लापरवाही बरतते हैं। जिस कारण लंबे समय में उनकी कार में कई तरह की परेशानियां आने लगती हैं। परेशानी आने से पहले कार कुछ संक ...और पढ़ें

HighLights
- स्पीड बढ़ाते हुए कार सामान्य से ज्यादा समय ले, तो फ्यूल इंजेक्टर को चेक करवाएं
- सामान्य से ज्यादा धुआं या ईंधन की गंध आने पर भी चेक करवाना चाहिए
ऑटो डेस्क, नई दिल्ली। किसी भी कार को सही तरह से चलाने के लिए सभी पार्ट्स का बिना परेशानी काम करना काफी जरूरी होता है। लेकिन समय के साथ और लापरवाही बरतने के कारण कई बार गाड़ी में समस्या आने लगती है। समस्या से पहले गाड़ी कुछ संकेत भी देती है। अगर आपकी कार भी कुछ खास संकेत दे रही है तो फ्यूल इंजेक्शन सिस्टम में खराबी हो सकती है। गाड़ी किस तरह के संकेत देती है। हम आपको इस खबर में बता रहे हैं।
क्या होता है फ्यूल इंजेक्शन सिस्टम
आईसीई वाली कारों में कई तरह के पार्ट्स का उपयोग किया जाता है। इनमें से एक पार्ट फ्यूल इंजेक्शन सिस्टम का होता है। इस पार्ट के जरिए ही ईंधन को इंजन तक पहुंचाया जाता है। यह एक छोटे नोजल के जरिए इंजन में ईंधन पहुंचाता है, जिससे गाड़ी को चलाया जाता है। इसमें खराबी आने से पहले यह कुछ संकेत देता है।
स्टार्ट होने में परेशानी
अगर आपकी कार को स्टार्ट करने में सामान्य से ज्यादा समय लग रहा है। बार बार सेल्फ लगाने पर भी कार आसानी से स्टार्ट नहीं होती। तो स्पार्क प्लग, बैटरी के साथ ही फ्यूल इंजेक्टर्स को भी चेक करवाना चाहिए।
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स्पीड बढ़ाने में मुश्किल
अगर कोशिश करने के बाद आप अपनी कार को स्टार्ट कर लेते हैं, लेकिन जब भी आप स्पीड को बढ़ाते हैं, तो इसमें भी समय लगता है। अगर ऐसे संकेत आपकी गाड़ी दे रही है तो भी फ्यूल इंजेक्टर्स को चेक करवाना बेहतर रहता है।
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ज्यादा धुआं या गंध आना
कार चलाते हुए अगर सामान्य से ज्यादा धुआं बाहर निकले और साथ में ईंधन की गंध केबिन के अंदर भी आने लगे तो भी फ्यूल इंजेक्टर्स को चेक करवाना चाहिए।
माइलेज कम हो जाता है
कार को चलाने के लिए निश्चित मात्रा में पेट्रोल की जरूरत होती है। अगर फ्यूल इंजेक्टर खराब हो जाए तो उचित मात्रा में पेट्रोल या डीजल इंजन तक नहीं जा पाता। या कई बार जरूरत से ज्यादा ईंधन की खपत भी होने लगती है। तब भी फ्यूल इंजेक्टर में खराबी आने का खतरा बढ़ जाता है।
कैसे होते हैं खराब
जब भी कार को लंबे समय तक चलाया जाता है और लापरवाही करते हुए इंजेक्टर साफ नहीं करवाए जाते हैं तो इनमें मिट्टी, कचरा और धूल जमा होने लगती है। जिससे इनके नोजल चोक होने लगते हैं जिससे यह खराब भी हो जाते हैं।