Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    आखिर क्यों अचानक जवाब दे जाता है ऑटोमैटिक गियरबॉक्स? रिपेयरिंग के भारी खर्च से बचना है तो अभी पढ़ें ये जरूरी खबर!

    Updated: Mon, 08 Jun 2026 10:00 AM (GMT+05:30)

    भारत में बड़ी संख्‍या में लोग अब ऑटोमैटिक कारों को चलाना पसंद करते हैं। किस तरह की लापरवाही के कारण ऑटोमैटिक गियरबॉक्‍स जल्‍दी खराब हो जाते हैं। आइए ज ...और पढ़ें

    News Article Hero Image
    timer icon

    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    ऑटो डेस्‍क, नई दिल्‍ली। भारतीय बाजार में हर महीने लाखों की संख्‍या में कारों की बिक्री की जाती है। इन कारों में से कई कारें ऑटोमैटिक गियरबॉक्‍स के साथ खरीदी जाती हैं। लेकिन कुछ समय के बाद ही इन कारों के गियरबॉक्‍स में खराबी आ जाती है। किस तरह की लापरवाही के कारण ऐसी समस्‍या आती हैं। इससे किन बातों का ध्‍यान रखकर बचा जा सकता है। हम आपको इस खबर में बता रहे हैं।

    बढ़ रहा ऑटामैटिक कारों का उपयोग

    भारत में लंबे समय से कारों में मैनुअल ट्रांसमिशन का ही उपयोग किया जा रहा है। लेकिन अब नई पीढ़ी के लोग मैनुअल ट्रांसमिशन वाली कारों की जगह ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन वाली कारों को भी पसंद कर रहे हैं। इसलिए इस तरह की कारों का उपयोग लगातार बढ़ रहा है।

    क्षमता से ज्‍यादा वजन करता है खराब

    अगर किसी भी ऑटोमैटिक कार में क्षमता से ज्‍यादा वजन रखकर सफर किया जाता है तो इसका बुरा असर कार के साथ ही ट्रांसमिशन पर भी होता है। जिससे ऑटोमैटिक कार के ट्रांसमिशन की उम्र कम हो जाती है।

    गियर ऑयल बदलने में लापरवाही

    जिस तरह से एक निश्‍चि‍त किलोमीटर के बाद कार के इंजन ऑयल को बदला जाता है वैसे ही ऑटोमैटिक कार के गियर ऑयल को बदलने की भी जरुरत होती है। ऐसा न करने पर भी ट्रांसमिशन समय से पहले ही खराब हो जाता है।

    खबरें और भी

    गलत फ्लूइड का उपयोग

    कई बार लोग थोड़े से पैसे बचाने के लिए गलत फ्लूइड का उपयोग करते हैं। जिससे कार के ट्रांसमिशन को लंबे समय में नुकसान पहुंचता है। इससे कार के गियरबॉक्‍स में खराबी आ जाती है, जिसे ठीक करवाना काफी महंगा पड़ जाता है।

    कार रोककर बदलें गियर

    कई बार लोग अपनी कार को बिना पूरी तरह से रोके ही गियर बदलने की कोशिश करते हैं। इसकी जगह अगर गाड़ी को पूरी तरह से रोक लिया जाए और उसके बाद डी से कार को पी या एन पर किया जाए तो ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन की उम्र को बढ़ाया जा सकता है।

    हैंडब्रेक का उपयोग 

    ऑटोमैटिक कार में गियरबॉक्‍स की उम्र को बढ़ाना है तो इसके लिए हैंडब्रेक का उपयोग भी करना चाहिए। इससे गाड़ी का पूरा भार ट्रांसमिशन पर नहीं आता और गियरबॉक्‍स की उम्र बढ़ जाती है।

    यह भी पढ़ें- In Pics: कैसी है वोल्‍वो की XC 60 एसयूवी, कितना दमदार इंजन और कैसे हैं फीचर्स