35 साल बाद मां के आंचल में लौटा लाल: गले लग फूट-फूटकर रोए दोनों, खुशी से भावुक हुआ पूरा गांव
अररिया के पलासी प्रखंड में 35 साल बाद घर लौटे महेंद्र सिंह का अपनी मां झरिमन देवी से भावुक मिलन हुआ। 10 साल की उम्र में घर से निकले महेंद्र जुए में फं ...और पढ़ें

35 साल बाद मां के आंचल में लौटा लाल: गले लग फूट-फूटकर रोए दोनों

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संवाद सूत्र, पलासी (अररिया)। प्रखंड क्षेत्र की चौरी पंचायत के अंतर्गत महादेवकोल गांव का माहौल शनिवार को बेहद ही भावुक और खुशियों भरा रहा। मौका था लगभग 35 वर्षों बाद घर लौटे पुत्र का अपनी मां से मिलन का।
इस दौरान दोनों एक-दूसरे से लिपटकर रोने लगे। वहां मौजूद उनके बड़े भाई, भाभी और ग्रामीण भी अपने आंसू नहीं रोक पाए। कुछ देर बाद पुत्र ने मां के आंसू पोंछे और उन्हें दिलासा दिया।
35 वर्षों बाद पुत्र को देखकर मां को लग रहा था जैसे वह कोई सपना देख रही हों, लेकिन हकीकत उनके सामने थी।
स्व. खुशीलाल सिंह एवं झरिमन देवी के पुत्र महेंद्र सिंह, जो मात्र 10 वर्ष की उम्र में घर की आर्थिक स्थिति सुधारने के उद्देश्य से बाहर गए थे, लंबे समय तक परिवार से दूर रहे।
इस संबंध में स्थानीय सह-छात्र संघ नेता आदित्य आनंद ने बताया कि बाहर जाने के बाद महेंद्र सिंह जुआ और सट्टा के चक्रव्यूह में फंस गए, जिसके कारण उनका अपने घर-परिवार से संपर्क धीरे-धीरे टूट गया। इस दौरान उन्होंने करीब 35 वर्षों तक पटियाला में रहकर काम किया, लेकिन परिवार से दूरी बनी रही।
लंबे अंतराल के बाद जब महेंद्र सिंह अपने गांव लौटे, तो उनके घर में खुशी का माहौल छा गया। मां झरिमन देवी के साथ उनका भावुक मिलन देखकर हर किसी की आंखें नम हो गईं।
इस मौके पर परिवार के अन्य सदस्य, बड़े भाई भगीरथ सिंह, भाभी अनीता देवी, किशन लाल सिंह एवं भाभी संझा देवी भी बेहद खुश नजर आए। म
हेंद्र सिंह की घर वापसी की खबर पूरे गांव में फैलते ही लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों ने इस मिलन को अद्भुत और भावुक क्षण बताया, जो परिवार के साथ-साथ पूरे समाज के लिए एक यादगार पल बन गया।