बेगूसराय: निर्माण के 4 महीने बाद ही उखड़ने लगी मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क, ग्रामीणों ने की जांच की मांग
बेगूसराय के सदर प्रखंड में मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क उन्नयन योजना के तहत बनी सड़क निर्माण के चार माह बाद ही दरकने लगी है। ग्रामीण सड़क की खराब गुणवत्ता ...और पढ़ें

4 महीने बाद ही उखड़ने लगी मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क
HighLights
बेगूसराय में ग्रामीण सड़क चार माह में ही दरकी।
सड़क की खराब गुणवत्ता पर उठे गंभीर सवाल।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से जांच की मांग की।
जागरण संवाददाता, बेगूसराय। मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क उन्नयन योजना के अंतर्गत सदर प्रखंड क्षेत्र में हाल ही में निर्मित सड़क की गुणवत्ता पर सवाल उठने लगे हैं। अमरौर कीरतपुर के अंग्रेजी ढाला से अमरौर गांव तक तथा सुशील नगर चौक से अमरौर रेलवे ढाला तक बनी सड़क निर्माण के महज चार माह बाद ही जगह-जगह दरकने और उखड़ने लगी है।
फरवरी 2026 में निर्मित इस सड़क की बदहाल स्थिति को लेकर ग्रामीणों में भारी नाराजगी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क पर कई स्थानों पर अनावश्यक ब्रेकर बनाए गए हैं।
वहीं सड़क के दोनों किनारों पर अब तक मिट्टी भराई एवं ईंट सोलिंग का कार्य पूरा नहीं किया गया है। इसके कारण वाहनों के आवागमन में परेशानी हो रही है और दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है।
हजारों लोग हर दिन करते हैं इस्तेमाल
ग्रामीणों का आरोप है कि सामने से वाहन आने पर सड़क किनारे पर्याप्त जगह नहीं होने के कारण लोगों को जोखिम उठाना पड़ता है। स्थानीय ग्रामीण सौरभ कुमार सिप्पी ने बताया कि इस सड़क से प्रतिदिन लगभग 10 हजार लोग बेगूसराय शहर की ओर आते-जाते हैं।
यह सड़क अमरौर कीरतपुर, महारथपुर, रतौली, विनोदपुर, निंगा, मिर्जापुर, सहुरी होते हुए पकठौल तक के लोगों के लिए महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग है। ऐसे में सड़क की खराब स्थिति से हजारों लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सड़क की परतें उखड़ने लगी
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि सड़क निर्माण कार्य अभी तक पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है, इसके बावजूद सड़क की परतें उखड़ने लगी है। उन्होंने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए जिला प्रशासन और पथ निर्माण विभाग से जांच कराने की मांग की है।
अनियमितताओं की जांच कराने की मांग
ग्रामीण मनीष कुमार, गुलशन कुमार, अमर कुमार, अर्जुन महतो एवं ब्रजेश कुमार सहित अन्य लोगों ने बताया कि जल्द ही जिला पदाधिकारी एवं संबंधित विभाग को आवेदन देकर सड़क निर्माण में हुई अनियमितताओं की जांच कराने की मांग की जाएगी। ग्रामीणों ने दोषी एजेंसी पर कार्रवाई तथा सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है।