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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 14, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    'जिनके लहू से जला है चिरागे वतन...', नित्यानंद राय ने इतिहास बताकर भरा जोश, लोगों को दिलाई शपथ

    By Laxmikant TripathiEdited By: Yogesh Sahu
    Updated: Sat, 14 Oct 2023 04:32 PM (IST)

    Nityanand Rai केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय शनिवार को भारत-नेपाल सीमा पर स्थापित 47वीं बटालियन धुपवा टोला एसएसबी कैंप में पहुंचे। उन्होंने य ...और पढ़ें

    'जिनके लहू से जला है चिरागे वतन...', नित्यानंद राय ने इतिहास बताकर भरा जोश, लोगों को दिलाई शपथ
    'जिनके लहू से जला है चिरागे वतन...', नित्यानंद राय ने इतिहास बताकर भरा जोश, लोगों को दिलाई शपथ

    HighLights

    1. धुपवा टोला एसएसबी ने आयोजित किया मेरी माटी-मेरा देश कार्यक्रम
    2. कार्यक्रम के तहत उपस्थित लोगों को गृह राज्यमंत्री ने किया संबोधित

    जागरण संवाददाता, रक्सौल/पूचं। इस देश के इतिहास में वैसे लोगों को याद नहीं किया गया, जिनके लहू से जला है चिरागे वतन, जो किसी कवि ने लिखा था। इतिहास लिखा भी गया तो संयोग से जो जिस विचारधारा के लोग आए वैसी ही कहानियां लिख डालीं।

    भारत के इतिहास के हकीकत को बहुत ज्यादा उल्लेखित नहीं किया गया, जितना बड़ा उनका योगदान था। उक्त बातें शनिवार को केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय ने कहीं।

    वे भारत-नेपाल सीमा पर स्थापित 47वीं बटालियन धुपवा टोला एसएसबी कैंप में आयोजित मेरी माटी मेरा देश कार्यक्रम के तहत उपस्थित अधिकारी, जवान व ग्रामीणों को संबोधित कर रहे थे।

    इससे पूर्व कार्यक्रम का उद्घाटन दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। एसएसबी स्वान दस्ता के द्वारा पुष्पगुच्छ देकर सलामी दी गई।

    आखिर उन्हें कौन सम्मान देगा

    इसके बाद डीआईजी एवं कमांडेंट ने अंगवस्त्र एवं प्रतीक चिह्न देकर सम्मानित किया गया। उन्होंने कहा कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जब इन सब विषयों से परिचित हुए तब उन्हें लगा कि आखिर उन्हें सम्मान कौन देगा।

    उन्होंने कहा कि आने वाली पीढ़ी जो अपने पूर्वजों से वीरता, देश के लिए बलिदान, समर्पण, लड़ना, जीना सीखेगी, शायद कहीं यह कड़ी कमजोर ना हो जाए।

    आने वाली पीढ़ियां देखेंगी

    राय ने कहा कि वैसे सभी बलिदानियों, महापुरुषों को याद करने का एक बड़ा माध्यम बनाया गया। जो आजादी के अमृत महोत्सव में देश के बलिदानियों के गांव उनके जन्मस्थली की मिट्टी से अमृत वन लगाएंगे।

    उन्होंने कहा कि इसे पढ़कर, सुनकर यादकर और देखकर हमारी आने वाली पीढ़ियां हमारे देश के महापुरुषों के समर्पण को याद कर देश सेवा में अपने आपको समर्पित करेंगी।

    राय को अमृत कलश सौंपा

    उन्होंने इसके लिए एसएसबी को धन्यावाद भी दिया। कहा कि पूर्वी चंपारण जिले के 27 प्रखंडों के 12 सौ से अधिक गांवों से अमृत महोत्सव के दौरान मेरी माटी मेरा देश कार्यक्रम के तहत मिट्टी एकत्रित किया गया है।

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    जो देश की राजधानी दिल्ली पहुंचेगी। इस दौरान जिले के विभिन्न प्रखंडों से पहुंचे कलश के साथ नेहरू युवा केंद्र के स्वयंसेवकों ने केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय को अपना अमृत कलश सौंपा।

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    बाल विवाह मुक्त भारत के लिए शपथ दिलाई

    उनके साथ सांसद डॉ. संजय जायसवाल, एसएसबी के डीआईजी सुरेश सुब्रह्मणयम, 47वीं बटालियन के कमांडेंट विकास कुमार उपस्थित थे।

    साथ ही कार्यक्रम के दौरान बाल विवाह रोकथाम के लिए प्रयास संस्था की आरती कुमारी ने उपस्थित लोगों को बाल विवाह नहीं करने और 2030 तक बाल विवाह मुक्त भारत बनाने की शपथ दिलाई।

    सांसद डॉ. संजय जायसवाल ने सीमा की सुरक्षा के साथ-साथ सीमावर्ती गांवों के युवाओं को तकनीकी शिक्षा देकर रोजगार दिलाने के कार्यों की सराहना की। साथ ही सीमा मित्रों का हौसला बढ़ाया।

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