गयाजी में कॉयर उद्योग को बढ़ावा, नारियल रेशा उत्पादों से रोजगार की पहल; मांझी ने दिए निर्देश
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी के निर्देश पर बिहार में कॉयर उद्योग को बढ़ावा देने की पहल तेज हुई है। गयाजी में नारियल रेशा उत्पादों के प्रशिक्षण और उत ...और पढ़ें

गयाजी में कॉयर उद्योग को बढ़ावा, नारियल रेशा उत्पादों से रोजगार की पहल

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जागरण संवाददाता, गयाजी। केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी के निर्देश पर बिहार में कॉयर (नारियल रेशा) आधारित उद्योगों को बढ़ावा देने की दिशा में पहल तेज हो गई है।
राज्य स्तरीय दिशा समिति के प्रतिष्ठित सदस्य नरेंद्र कुमार के प्रस्ताव पर कॉयर बोर्ड ने उत्तर भारत, विशेषकर बिहार और गयाजी जिले में संभावनाओं को तलाशने के लिए विशेष टीम भेजी।
कोच्चि स्थित कॉयर बोर्ड के केंद्रीय कार्यालय से निदेशक शनमुगसुंदरम के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम सुरेश कुमार विकास अधिकारी और प्रसाद कुमार लेखा अधिकारी ने 19 से 22 अप्रैल तक गयाजी जिले के बोधगया सहित आसपास के गांवों तथा पटना जिले का विस्तृत सर्वेक्षण किया।
इस दौरान टीम ने विभिन्न समूहों, विशेषकर मुशहर समाज के लोगों से संवाद कर प्रशिक्षण एवं रोजगार की संभावनाओं पर चर्चा की। सर्वे के बाद तैयार प्रतिवेदन के आधार पर मंत्री से हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया कि गयाजी जिले में शीघ्र ही प्रशिक्षण और उत्पादन कार्य शुरू किया जाएगा।
इसकी शुरुआत दशरथ मांझी से जुड़े गेहलौर स्थित प्रशिक्षण केंद्र से होगी, जहां स्थानीय युवाओं को नारियल रेशा से उत्पाद निर्माण का प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रारंभिक चरण में बिहार के पांच जिलों में इस योजना को लागू करने की रूपरेखा तैयार की जा रही है।
भ्रमण के दौरान बोधगया के बेदौर, गेहलौर तथा पटना के दीघा स्थित नारी गुंजन प्रशिक्षण केंद्र में जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। इस पहल से स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन और स्वरोजगार को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।