Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    जहानाबाद में जमीन मापी के नाम पर घूसखोरी, निगरानी विभाग ने आमीन को रंगेहाथ किया गिरफ्तार 

    Updated: Wed, 08 Jul 2026 06:35 PM (IST)

    मखदुमपुर अंचल कार्यालय में अमीन अनिल कुमार सिंह को पांच हजार रुपये रिश्वत लेते निगरानी टीम ने रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी जमीन मापी के एवज ...और पढ़ें

    गिरफ्तार आमीन। फोटो जागरण

    गिरफ्तार आमीन। फोटो जागरण

    HighLights

    1. मखदुमपुर अंचल कार्यालय में अमीन अनिल कुमार सिंह गिरफ्तार।

    2. पांच हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा गया।

    3. जमीन मापी के एवज में मांगी थी रिश्वत।

    संवाद सूत्र, मखदुमपुर। जिले के मखदुमपुर अंचल कार्यालय में बुधवार को निगरानी अन्वेषण ब्यूरो पटना की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंचल कार्यालय में पदस्थापित अमीन अनिल कुमार सिंह को पांच हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है।

    कार्रवाई के बाद अंचल कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल कायम हो गया। निगरानी टीम का नेतृत्व डीएसपी राम चौधरी कर रहे थे। गिरफ्तारी के बाद आरोपित को टीम अपने साथ पटना ले गई, जहां उससे पूछताछ के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

    डीएसपी ने बताया कि गया जिले के बेलागंज निवासी विमलेश कुमार की पत्नी पुष्पा देवी के नाम पर मखदुमपुर प्रखंड क्षेत्र के ओवा गांव के समीप 26 डिसमिल जमीन है, जिसकी मापी के लिए पांच फरवरी को ऑनलाइन आवेदन किया था।

    आवेदन के बावजूद संबंधित अमीन लगातार मापी का कार्य टालते रहे। बाद में मापी के एवज में अमीन ने पांच हजार रुपये रिश्वत की मांग की, जिसकी शिकायत विमलेश कुमार ने निगरानी अन्वेषण ब्यूरो, पटना में की। शिकायत मिलने के बाद निगरानी ब्यूरो की टीम ने 23 जून को मामले का सत्यापन किया।

    खबरें और भी

    जांच के दौरान रिश्वत मांगने के आरोप सही पाए गए। इसके बाद टीम ने आरोपित को रंगे हाथ पकड़ने की योजना बनाई। बुधवार को शिकायतकर्ता जैसे ही मखदुमपुर अंचल कार्यालय के रिकॉर्ड रूम में अमीन अनिल कुमार सिंह को पांच हजार रुपये दे रहे थे।

    इस दौरान पहले से सादे लिबास में मौजूद निगरानी टीम ने तत्काल उसे रिश्वत की राशि के साथ गिरफ्तार कर लिया। टीम ने मौके से रिश्वत की रकम भी बरामद कर ली।

    रिश्वतखोरों की तुरंत करें शिकायत

    निगरानी ब्यूरो के अधिकारियों ने बताया कि आरोपित के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

    ब्यूरो ने आम लोगों से अपील की है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी किसी कार्य के बदले रिश्वत की मांग करता है, तो उसकी शिकायत तुरंत निगरानी विभाग से करें। शिकायत सही पाए जाने पर दोषी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

    यह भी पढ़ें- वैशाली में 6 महीने में 5 सरकारी कर्मी रिश्वत लेते गिरफ्तार, निगरानी की कार्रवाई से महकमों में हड़कंप