अब कागजों का झंझट खत्म: जहानाबाद में आज से शुरू होगी पेपरलेस जमीन-फ्लैट रजिस्ट्री
जहानाबाद सहित बिहार के 10 निबंधन कार्यालयों में आज से पेपरलेस रजिस्ट्री व्यवस्था लागू हो गई है। अब जमीन और फ्लैट की खरीद-बिक्री पूरी तरह डिजिटल, सुरक् ...और पढ़ें

जहानाबाद में आज से पेपरलेस जमीन फ्लैट रजिस्ट्री शुरू
HighLights
जहानाबाद सहित 10 कार्यालयों में पेपरलेस रजिस्ट्री शुरू।
ऑनलाइन दस्तावेज तैयार कर सकेंगे क्रेता-विक्रेता स्वयं।
फर्जीवाड़े पर रोक लगेगी, प्रक्रिया होगी पारदर्शी।
जागरण संवाददाता, जहानाबाद। बिहार सरकार के मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग ने जमीन और फ्लैट रजिस्ट्री की प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है।
जहानाबाद समेत राज्य के 10 निबंधन कार्यालयों में शनिवार से पेपरलेस रजिस्ट्री व्यवस्था लागू कर दी जाएगी।
18 जुलाई से जिले के लोग बिना कागजी दस्तावेजों के सुरक्षित और पारदर्शी तरीके से जमीन और फ्लैट की रजिस्ट्री करा सकेंगे। नई व्यवस्था के लिए विभाग ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
अब खुद भी कर सकेंगे रजिस्ट्री का ऑनलाइन दस्तावेज तैयार
ई-निबंधन पोर्टल के माध्यम से जमीन खरीदने और बेचने वाले लोग स्वयं भी अपने दस्तावेज ऑनलाइन फीड कर सकेंगे।
इसके लिए किसी वसीका नवीस पर पूरी तरह निर्भर रहने की जरूरत नहीं होगी। क्रेता और विक्रेता चाहें तो अपनी सुविधा के अनुसार खुद प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। नई व्यवस्था से रजिस्ट्री प्रक्रिया अधिक सरल और पारदर्शी होने की उम्मीद है।
मदद के लिए निबंधन कार्यालय में बना हेल्प डेस्क
यदि ऑनलाइन दस्तावेज तैयार करने में किसी तरह की परेशानी आती है, तो निबंधन कार्यालय में स्थापित हेल्प डेस्क सहायता उपलब्ध कराएगा।
यहां तैनात कर्मचारी रजिस्ट्री प्रक्रिया से जुड़े तकनीकी और अन्य सवालों का समाधान करेंगे।
विभाग का कहना है कि लोगों को नई व्यवस्था अपनाने में किसी तरह की कठिनाई नहीं होने दी जाएगी। इससे डिजिटल प्रक्रिया को लेकर लोगों का भरोसा भी बढ़ेगा।
अब सिर्फ एकरार के लिए अधिकारी के सामने होना होगा उपस्थित
नई व्यवस्था के तहत जमीन क्रेता और विक्रेता को केवल एकरार और सत्यापन के लिए अधिकारी के समक्ष उपस्थित होना होगा।
अधिकारी ऑनलाइन दस्तावेजों और कागजातों की जांच कर रजिस्ट्री की प्रक्रिया पूरी करेंगे।
बाकी सभी औपचारिकताएं डिजिटल माध्यम से संपन्न की जाएंगी। इससे समय की बचत के साथ प्रक्रिया भी तेज होगी।
ऑनलाइन मिलेगा स्टांप, कागजी स्टांप पेपर की जरूरत खत्म
जमीन रजिस्ट्री में इस्तेमाल होने वाला स्टांप भी अब ऑनलाइन उपलब्ध रहेगा। इसके लिए अलग से स्टांप पेपर खरीदने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
सरकार ने इस व्यवस्था को पूरी तरह डिजिटल और पेपरलेस बनाने की दिशा में यह कदम उठाया है। इससे दस्तावेजों की सुरक्षा और पारदर्शिता भी बढ़ेगी।
रजिस्ट्री पूरी होते ही मोबाइल पर पहुंचेगी जानकारी
रजिस्ट्री पूरी होने के तुरंत बाद जमीन खरीदार के मोबाइल पर एसएमएस और व्हाट्सएप के जरिए सूचना भेजी जाएगी।
इसके साथ ही रजिस्टर्ड डीड की पीडीएफ कॉपी उपलब्ध कराई जाएगी, जिसे प्रिंट भी किया जा सकेगा।
इससे दस्तावेजों के खोने या खराब होने की आशंका भी समाप्त हो जाएगी। डिजिटल रिकॉर्ड भविष्य में भी आसानी से उपलब्ध रहेगा।
गलत खरीद-बिक्री पर लगेगी रोक
अवर निबंधन पदाधिकारी ऋषि कुमार सिन्हा और कार्यालय अधीक्षक नवीन रंजन ने बताया कि नई व्यवस्था से फर्जीवाड़े और गलत खरीद-बिक्री की घटनाओं पर अंकुश लगेगा।
उन्होंने कहा कि सरकार के निर्देश पर जिले में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। अब लोगों को रजिस्ट्री के लिए कागजी दस्तावेजों के बोझ और लंबी प्रक्रियाओं से राहत मिलेगी। जमीन और फ्लैट की खरीद-बिक्री अब पहले से ज्यादा आसान, सुरक्षित और पारदर्शी होगी।