लखीसराय मंदिर हादसा: 5 भाइयों के सिर से उठा इकलौती बहन का साया, इस रक्षाबंधन सूनी रह जाएंगी कलाइयां
Ashokdham Temple Stampede: अशोक धाम में तीसरे सोमवारी को हुई भगदड़ में बड़हिया निवासी मनमाला देवी की मौत से पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।

रोते-बिलखते परिजन। (जागरण)
HighLights
अशोक धाम भगदड़ में बड़हिया की मनमाला देवी की मौत।
धार्मिक महिला मनमाला हर सावन सोमवारी को करती थीं जलाभिषेक।
उनकी मौत से इस वर्ष भाइयों की कलाइयां रहेंगी सूनी।
संवाद सूत्र जागरण, बड़हिया (लखीसराय)। Lakhisarai Ashokdham Temple Stampede> अशोक धाम में तीसरे सोमवारी को हुए भगदड़ के दौरान बड़हिया नगर क्षेत्र वार्ड संख्या 12 इंद टोला निवासी निरंजन कुमार सिंह की 44 वर्षीय पत्नी मनमाला देवी की मौत से बड़हिया में शोक का माहौल है।
मनमाला देवी बहुत ही धार्मिक स्वभाव की महिला थी। अपने पति एवं बच्चों के सुख शांति को लेकर हर वर्ष सावन में प्रत्येक सोमवारी को अशोक धाम जाती थी।
वह पिछले दोनों सोमवार को भी अपने स्वजनों एवं पड़ोसियों के साथ अशोक धाम पैदल पहुंचकर इन्द्रदमनेश्वर महादेव का जलाभिषेक किया था।
पिछले वर्ष 2025 में भी सावन के हर सोमवारी को वह अशोक धाम पैदल गयी थी। इस वर्ष तीसरे सोमवारी को वह अपनी एक मात्र पुत्री पल्लवी एवं गोतनी के पुत्र रौशन कुमार, शिवम कुमार, स्नेहा कुमारी पड़ोसी रूपम देवी आदि लोगों के साथ वह सुबह में पैदल अशोक धाम गयी थी।
शव को लाया गया घर
मनमाला देवी को एक पुत्र एव एक पुत्री हैं। पुत्र अंकित पंजाब में नर्सिंग की पढ़ाई कर रहा है। पोस्टमार्टम के बाद शव को पैतृक घर बड़हिया लाया गया है।
पुत्र अंकित के आने के बाद अंतिम संस्कार के लिए ले जाया जाएगा। मनमाला देवी पांच भाई की इकलौती बहन थी। इनका मायका रामचंद्रपुर है।
हर वर्ष वह रक्षाबंधन को अपने भाइयों को राखी बांधने जाती थी। इस वर्ष सभी भाइयों की कलाइयां सूनी रहेगी।
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