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    मधुबनी में साइबर ठगी का नया तरीका, 21 छोटे ट्रांजेक्शन से खाली हुआ बैंक खाता

    Updated: Fri, 24 Jul 2026 03:51 PM (IST)

    मधुबनी में साइबर ठगों ने एक युवक के बैंक खाते से कुछ ही मिनटों में 21 ट्रांजेक्शन कर ₹99,697 उड़ा लिए। पीड़ित ने तत्काल खाता होल्ड कराकर 1930 हेल्पलाइ ...और पढ़ें

    इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है।

    इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है।

    HighLights

    1. मधुबनी में युवक के खाते से ₹99,697 की ठगी।

    2. साइबर ठगों ने 21 छोटे ट्रांजेक्शन में पैसे निकाले।

    3. पीड़ित ने 1930 हेल्पलाइन और पुलिस में शिकायत की।

    जागरण संवाददाता, मधुबनी। जिले में साइबर अपराधियों का जाल लगातार फैलता जा रहा है। बासोपट्टी थाना क्षेत्र के एक युवक के बैंक खाते से साइबर ठगों ने महज कुछ मिनटों में 21 अलग-अलग ट्रांजेक्शन कर 99,697.94 रुपये उड़ा लिए।

    घटना के बाद पीड़ित ने तत्काल बैंक खाते को होल्ड कराया, 1930 साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई और साइबर थाना मधुबनी में प्राथमिकी दर्ज कराते हुए कार्रवाई की मांग की है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।

    सुबह-सुबह मोबाइल पर आने लगे रुपये कटने के मैसेज

    बासोपट्टी निवासी भोगेन्द्र सहनी के 25 वर्षीय पुत्र ललित सहनी ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया कि 4 जुलाई 2026 की सुबह करीब 5:27 बजे उनके मोबाइल पर खाते से रुपये कटने के लगातार मैसेज आने लगे।

    पहले 5,000 रुपये, फिर 4,999 रुपये और उसके बाद 4,800 रुपये सहित विभिन्न राशि में कुल 21 ट्रांजेक्शन कर ठगों ने 99,697.94 रुपये निकाल लिए। इतनी तेजी से हुए ट्रांजेक्शन से वह कुछ समझ पाते, उससे पहले पूरा खाता लगभग खाली हो चुका था।

    तत्काल बैंक और 1930 हेल्पलाइन पर की शिकायत

    घटना की जानकारी मिलते ही ललित सहनी ने केनरा बैंक के कस्टमर केयर से संपर्क कर अपना खाता होल्ड कराया। इसके बाद राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई, जहां उन्हें दो शिकायत संख्या जारी की गई।

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    बाद में उन्होंने साइबर थाना मधुबनी के पुलिस उपाधीक्षक को लिखित आवेदन देकर मामले की निष्पक्ष जांच और राशि वापस दिलाने की मांग की।

    पुलिस ने शुरू की जांच

    साइबर थानाध्यक्ष सह डीएसपी अंकुर कुमार ने बताया कि इस संबंध में प्राथमिकी दर्ज करते हुए पुलिस ने बैंक से ट्रांजेक्शन का पूरा विवरण और तकनीकी जानकारी जुटानी शुरू कर दी है।

    पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि रकम किन खातों में भेजी गई और ट्रांजेक्शन किस माध्यम से किए गए। साइबर थानाध्यक्ष अंकुर कुमार ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें और ओटीपी, सीवीवी, बैंकिंग पासवर्ड या अन्य गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें।

    यदि खाते से संदिग्ध लेन-देन हो तो तुरंत बैंक को सूचित करें, 1930 हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराएं और निकटतम साइबर थाना से संपर्क करें।

    छोटे-छोटे ट्रांजेक्शन से दे रहे वारदात को अंजाम

    जिले में हाल के दिनों में साइबर ठगी के मामलों में तेजी आई है। पुलिस के अनुसार, पिछले एक महीने में लगभग एक दर्जन से अधिक मामले सामने आए हैं।

    ठग अब एकमुश्त बड़ी राशि निकालने के बजाय कई छोटे-छोटे ट्रांजेक्शन कर बैंक की निगरानी प्रणाली को चकमा देने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे में लोगों को ऑनलाइन लेन-देन के दौरान अतिरिक्त सतर्क रहने की जरूरत है।