श्रावणी मेला 2026: डेडलाइन में बचे 72 घंटे, मुंगेर में तैयारियां अब भी अधूरी; कैसे पूरा होगा काम?
तारापुर में 30 जुलाई से शुरू होने वाले श्रावणी मेले की तैयारियां निर्धारित समय सीमा से पीछे चल रही हैं। कई विभागों का काम अधूरा है, जिससे मेला शुरू हो ...और पढ़ें
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संग्रामपुर के बदुआ नदी में निर्माणाधीन डायवर्सन
HighLights
श्रावणी मेला 2026 की तैयारियां 72 घंटे की डेडलाइन में भी अधूरी।
पीएचईडी के जलापूर्ति, शौचालय, स्नानागार के काम में देरी।
आरसीडी ने कच्ची कांवरिया पथ पर बालू बिछाने का काम पूरा किया।
संवाद सहयोगी, तारापुर (मुंगेर)। 30 जुलाई से शुरू हो रहे विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला शुरू होने में 12 दिन शेष रह गए है। सरकारी स्तर पर 20 जुलाई तक तैयारियां पूरी करने का डेटलाइन विभागों को दिया गया था।
इस डेट लाइन को 72 घंटे शेष रह गए है। लेकिन तैयारियां पर गौर करें तो कुछ काम पूरे हो चुके है वहीं बहुत सारे काम ऐसे दिख रहे है जिसे इन 72 घंटो में पूरा नहीं किया जा सकता है। हालांकि जिला से लेकर अनुमंडल प्रशासन तक काम को समय से पूरा करने के लिए सक्रिय दिख रहे है।
अब देखना यह है कि मेला शुरू होने तक सभी तैयारियां पूरी हो जाती है या फिर आधी अधूरी तैयारियों के बीच ही मेला प्रारंभ हो जाता है। बताते चले कि जिले के तीन प्रखंडों से 26 किलोमीटर का कच्ची कांवरिया पथ है। इनमें आठ किलोमीटर तारापुर प्रखंड क्षेत्र में है। वहीं अनुमंडल के असरगंज में छह और संग्रामपुर में 12 किलोमीटर कांवड़िया पथ है।
तैयारियां पूरी करने में आरसीडी आगे, पीएचइडी पीछे
काम पूरा करने में सबसे आगे केवल आरसीडी दिखाई पड़ रहा है। जिसने कच्ची कांवरिया पथ पर बालू बिछाने का कार्य लगभग पूरा कर लिया है। वहीं पीएचईडी की तैयारियां अब भी अधूरी हैं।
कई स्थानों पर चापा नल दुरुस्त करने का काम जारी है लेकिन झरना स्नानागार वाटर फिल्टर और शौचालयों में नल से जलापूर्ति की व्यवस्था अभी तक पूरी नहीं हो सकी है। टेंट सिटी के निर्माण गति को देखकर निर्धारित समय सीमा तक इसके पूरा होने की संभावना कम नजर आ रही है। वहीं कांवड़िया पथ से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई भी अभी तक पूरी नहीं हुई है।
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(कच्ची कांवड़िया पथ पर बिछी बालूछाया: आरसीडी)
चौरा नदी पुल पर नहीं लगा रेलिंग
मोहनगंज और धौनी के बीच चौरा नदी पुल पर सुरक्षा के लिए रेलिंग लगाने का काम शुरू तक नहीं हुआ है। पक्की कांवड़िया पथ पर कई जगह सड़कें बदहाल हैं। तारापुर थाना के समीप सड़क पर बना गहरा गड्ढा अब भी राहगीरों और कांवरियों के लिए खतरा बना हुआ है। गड्ढों की मरम्मत का कार्य भी अधूरा है।
हालांकि अनुमंडल पदाधिकारी राकेश रंजन कुमार प्रतिदिन तैयारियों की समीक्षा कर रहे हैं। निर्धारित 20 जुलाई की समय सीमा का पालन अधिकांश विभागों के लिए चुनौती बना हुआ है। यदि कार्यों में तेजी नहीं आई तो श्रावणी मेला शुरू होने से पहले व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देना प्रशासन के लिए बड़ी परीक्षा साबित हो सकता है।

दौर लगा रहे पदाधिकारी, बनी है गति
डेट लाइन के अनुसार काम को अंतिम रूप देने के लिए भवन निर्माण विभाग,पथ निर्माण विभाग, विद्युत विभाग,लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग सहित अन्य विभागों के पदाधिकारी कांवड़िया पथ पर लगातार दौरा कर रहे हैं। लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग कांवड़िया पथ किनारे शौचालय, पेयजलापूर्ति व स्नानागार का कार्य अंतिम चरण में है। कांवरिया पथ गोविंदपुर में वीआईपी शौचालय का निर्माण किया जा रहा है।
भवन निर्माण विभाग प्रखंड के मणियां व कुमरसार सरकारी धर्मशाला की मरम्मति व रंग-रोगन कार्य भी जारी है। पथ निर्माण विभाग कांवड़िया पथ पर बालू बिछाने के साथ ही बदुआ नदी निर्माणाधीन पुल के बगल में डायवर्सन का निर्माण कार्य भी अंतिम चरण में है। नदी में पानी बढ़ने पर कांवड़ियों के लिए डायवर्सन सुगम मार्ग होगा।