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    मुजफ्फरपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई: कच्ची-पक्की ओपी प्रभारी लाइन हाजिर, कुमारी पुष्पा को कमान

    Updated: Fri, 07 Aug 2026 01:31 PM (IST)

    Bihar Police News: मुजफ्फरपुर में अपराध नियंत्रण और लंबित मामलों में लापरवाही बरतने पर कच्ची-पक्की ओपी प्रभारी अरविंद कुमार को पद से हटाकर लाइन हाजिर ...और पढ़ें

    अरविंद कुमार का कार्य निष्पादन संतोषजनक नहीं पाए जाने पर हुई कार्रवाई।

    अरविंद कुमार का कार्य निष्पादन संतोषजनक नहीं पाए जाने पर हुई कार्रवाई।

    HighLights

    1. कच्ची-पक्की ओपी प्रभारी अरविंद कुमार को लाइन हाजिर किया।

    2. अपराध नियंत्रण और लंबित मामलों में लापरवाही पाई गई।

    3. कुमारी पुष्पा बनीं कच्ची-पक्की ओपी की नई अध्यक्ष।

    संजीव कुमार, मुजफ्फरपुर। Muzaffarpur Police Action: अपराध नियंत्रण और लंबित मामलों के समयबद्ध निष्पादन में लापरवाही बरतने पर कच्ची-पक्की ओपी प्रभारी अरविंद कुमार के खिलाफ कार्रवाई की गई है।

    उन्हें वर्तमान पद से हटाकर लाइन हाजिर कर पुलिस केंद्र मुजफ्फरपुर भेज दिया गया है। वहीं दूसरी ओर वर्तमान में पारू थाना में पदस्थापित पुलिस अवर निरीक्षक कुमारी पुष्पा को अब कच्ची-पक्की ओपी अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

    एसएसपी कार्यालय की ओर से जारी जानकारी के अनुसार कच्ची-पक्की ओपी के कार्यों और अपराध नियंत्रण की समीक्षा के दौरान ओपी प्रभारी पुलिस अवर निरीक्षक अरविंद कुमार का कार्य निष्पादन संतोषजनक नहीं पाया गया।

    समीक्षा में यह भी सामने आया कि उन्होंने अपराध नियंत्रण, केसों के समयबद्ध निष्पादन, गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान और विधि-व्यवस्था बनाए रखने जैसे महत्वपूर्ण दायित्वों के निर्वहन में अपेक्षित रुचि नहीं दिखाई।

    SSP order 1

    एसएसपी कार्यालय के अनुसार जिला स्तर से समय-समय पर जारी निर्देशों के अनुपालन में भी शिथिलता पाई गई। इसे प्रशासनिक जिम्मेदारियों के निर्वहन में गंभीर लापरवाही माना गया।

    इन्हीं तथ्यों के आधार पर कार्रवाई का प्रस्ताव तैयार किया गया।

    पुलिस उपमहानिरीक्षक (तिरहुत क्षेत्र) चंदन कुमार कुशवाहा के अनुमोदन के बाद पुलिस अवर निरीक्षक अरविंद कुमार को कच्ची-पक्की ओपी के वर्तमान पदस्थापन से मुक्त कर पुलिस केंद्र, मुजफ्फरपुर वापस भेज दिया गया है।

    पुलिस विभाग ने स्पष्ट किया है कि अपराध नियंत्रण, अनुसंधान और विधि-व्यवस्था से जुड़े कार्यों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।